शहर पुलिस टीम द्वारा काबू किए गए युवक ने लॉकडाउन के चलते पुलिस को चकमा देने के लिए फौजी की वर्दी पहनी थी। वह गांव रेडू जिला शिमला में अपने ससुराल जाने के लिए घर से निकला था। नशे की हालत में वह यहां पहुंच गया और पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी राकेश कुमार को बुधवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से एक दिन के रिमांड पर लिया गया। मामले की जांच कर रहे इएसआई चंद्र सिंह ने बताया कि आरोपी काफी समय से चोरी की वारदातें करता रहा है। करीब दो माह पहले ही वह चोरी के एक मामले में एक साल की सजा भुगतने के बाद भठिंडा जेल से छूटकर आया था। उसने स्वीकार किया है कि अंबाला में ट्रेन से उसने एक बैग चोरी किया था, जिसमें फौजी वर्दी मिली थी। उसकी पत्नी अपने मायके रह रही है, जिसके चलते वह अपने ससुराल जा रहा था लेकिन लॉकडाउन के चलते सादे कपड़े पहनकर वहां जाना संभव नहीं था। मूल रूप से वह धुरी, पंजाब का रहने वाला है और फौजी वर्दी में होने के चलते वह ट्रकों आदि से लिफ्ट लेकर अंबाला से ससुराल जाना चाहता था लेकिन इसी बीच उसने नशा कर लिया और वह करनाल पहुंच गया। चंद्र सिंह के मुताबिक आरोपी ने माना कि वह चोरी के आरोप में कई बार पकड़ा जा चुका है। उसकी ऐसी आदतों के चलते ही परिवार भी उससे खफा रहता है। उसका दूसरा भाई कपड़े की दुकान चलाता है। बता दें कि शहर थाना पुलिस टीम ने उसे नमस्ते चौक की ओर से पैदल ही आते सेक्टर चार के समीप उस समय काबू कर लिया था जब वह फौजी होने के नाते कोई पहचान पत्र तक नहीं दिखा सका था और न ही ऐसे घूमने का कोई ठोस कारण बता पाया था।