- सीबीएसई ने सभी स्कूलों में राष्ट्रीय युवा संसद का आयोजन करने के दिए निर्देश, बजट और मानसून सत्र करेंगे आयोजित
- फोटो के साथ बोर्ड को भी भेजेंगे रिपोर्ट, संसद की तरह पक्ष-विपक्ष तैयार करके बैठाने की होगी व्यवस्था, देश के मुद्दों पर होगी चर्चा
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। विद्यार्थी आगामी दिनों में पीएम, केंद्रीय मंत्री व पक्ष और विपक्ष के सांसद की भूमिका में नजर आएंगे। साथ ही देश के विकास पर भी चर्चा करेंगे। खास तौर पर बजट और मानसूत्र सत्र के दौरान संसद में होने वाली कार्यवाही स्कूलों में नजर आएगी। सीबीएसई ने सभी स्कूलों को युवा संसद आयोजित करने के निर्देश दिए हैं।
लोकतंत्र को मजबूत करने की दृष्टि से अनुशासन की स्वस्थ आदतें, दूसरों के विचारों को सहन करने और स्टूडेंट कम्यूनिटी को संसद के कामकाज के बारे में कुछ जानने में सक्षम बनाना राष्ट्रीय युवा संसद का मुख्य उद्देश्य है।
सीबीएसई से मान्यता प्राप्त सभी स्कूलों को योजना के संबंधित निर्देश जारी किए गए हैं। सभी स्कूल https://nyps.mpa.gov.in/ पोर्टल पर पंजीकरण कर सकते हैं। इसके बाद उन्हें संसद बैठक आयोजित करने की अनुमति मिल जाएगी। इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए शिक्षण संस्थानों को वेब पोर्टल पर पंजीकरण कराना जरूरी है। इसके साथ ही सीबीएसई में सभी स्कूल प्रमुखों को इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने का अनुरोध किया है। साथ ही इन गतिविधियों के संबंध में संक्षिप्त रिपोर्ट भी मांगी है। इसे भी पोर्टल पर अपलोड करना होगा।
प्रतिभागी हिंदी या अंग्रेजी में बात कर सकते हैं। इस पूरे आयोजन के दौरान स्कूलों में संसद भवन की तर्ज पर युवा सांसद के बैठने के लिए व्यवस्था की जाएगी। जिस तरह से पूरी संसद की व्यवस्था चलती है, ठीक उसी प्रकार से स्कूलों में युवा संसद प्रतियोगिता के दौरान युवा संसद अपने-अपने इलाके की समस्याओं व उनके निदान तथा बजट के लिए प्रावधान पर बहस करते नजर आएंगे। इससे एक तरह से विद्यार्थियों में जहां नेतृत्व क्षमता विकसित होगी। वहीं, उन्हें लोकतंत्र की प्रणाली के बारे में भी जानकारी मिलेगी।
युवा संसद की अवधि 55 मिनट की होगी
युवा संसद के बैठने की अवधि 55 मिनट से अधिक नहीं होनी चाहिए। इसमें 10 से 12 मिनट प्रश्नों के लिए समर्पित हो सकते हैं और बाकी समय बिल, प्रस्ताव आदि पर चर्चा में लगाया जाएगा। युवा संसद में उठाए गए मामले विषय से संबंधित कल्याणकारी गतिविधियों, देश की रक्षा, सामाजिक न्याय, सामाजिक सुधार, आर्थिक विकास, सांप्रदायिक सद्भाव, स्वास्थ्य, छात्र के अनुशासन, सूचना प्रोद्योगिकी आदि से संबंधित हो सकते हैं।
प्रशंसा पत्र भी होगा जारी
युवा संसद की तैयारी के लिए सीबीएसई के वेब पोर्टल पर ऑनलाइन ट्रेनिंग मॉड्यूल, वीडियो कंटेंट, फोटो और संचालन की लिखी हुई पूरी कहानी भी प्रतियोगिता में शामिल होने वाले प्रतिभागियों के लिए उपलब्ध कराई गई है। इसे देखकर बच्चे संसद की पूरी कहार्यवाही सीख सकेंगे। पंजीकरण प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी स्कूलों में युवा संसद आयोजित की जाएगी। युवा संसद में हिस्सा लेने वाले सभी प्रतिभागियों को डिजिटल प्रमाणपत्र भी दिया जाएगा। जबकि स्कूल मुखिया और प्रभारी शिक्षक को प्रशंसा पत्र जारी होगा।