करनाल। प्रदेश सरकार के बजट में हुई घोषणा से जहां शहर में सुविधाएं बढ़ेंगी। वहीं कर्ण नगरी के युवाओं को भविष्य में ओलंपिक में दम दिखाने का भी अवसर मिलेगा। सरकार ने करनाल सहित छह जिलों में में स्पीड क्लाइंबिंग खेल सुविधा शुरू करने की घोषणा की है। जिसे हाल ही में पेरिस ओलंपिक 2024 में शामिल किया है। इसके अलावा बजट में जिले में होमगार्ड प्रशिक्षण केंद्र, ईएसआई अस्पताल बनाने का भी जिक्र किया है। इससे स्वास्थ्य और गृह रक्षा तंत्र मजबूत होगा।
इसके अलावा बजट में करनाल-यमुनानगर 61 किलोमीटर की रेल लाइन बिछाने की परियोजना की रिपोर्ट बनाने का भी जिक्र किया है। यह वर्षों पुरानी योजना है, जिसके अब सिरे चढ़ने की आस जगी है। यदि यह परियोजना पूरी होती है तो करनाल से यमुनानगर के माध्यम से हरिद्वार तक रेल से सफर के रास्ते खुलेंगे।
हालांकि अन्य जिलों की तरह करनाल की हवाई पट्टी विस्तार को लेकर कोई जिक्र नहीं हुआ है। ऐसे में इस परियोजना को अभी रफ्तार की उम्मीद नहीं दिख रही है। इसके अलावा बजट में छह जिलों के लिए शुरू हो ही इलेक्ट्रिक शहरी बस सेवा में करनाल का भी नाम है। शहर में यह बस सेवा 28 फरवरी से शुरू होने जा रही है।
इसके अतिरिक्त छह जिलों की नई आईटीआई भवनों के निर्माण में शामिल इंद्री आईटीआई को भी अपना भवन नए शिक्षा सत्र में मिलेगा। हालांकि आईटीआई शुरू हो चुकी है। इससे अलग प्रदेश स्तरीय करीब 30 घोषणाओं से भी जिले की 17 लाख आबादी को लाभ होगा। ये घोषणाएं ग्रामीण और शहरी स्तर, महिला एवं पुरुष वर्ग, युवा, किसान, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी हैं।
पंचकूला जाने से मिलेगी निजात
घरौंडा के हसनपुर में गृहरक्षी और नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवक व कर्मचारियों के लिए प्रशिक्षण केंद्र स्थापित होगा। अभी जिले में होमगार्ड के लिए कोई प्रशिक्षण केंद्र नहीं है। इसके लिए पंचकूला में प्रशिक्षण के लिए होमगार्ड जाते हैं। करनाल जिले में वर्तमान में 742 होमगार्ड के जवान हैं। अभी इनकी संख्या और बढ़ाई जाएगी। थानों में महिला हेल्प डेस्क लगेंगे और सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम जारी है।
अस्पताल और डिस्पेंसरी देगी राहत
कर्मचारी राज्य बीमा निगम के करनाल समेत पांच जिलों में अस्पताल बनेंगे। करनाल का अस्पताल 30 बेड का होगा। इसके अलावा घरौंडा समेत प्रदेश में चार नई ईएसआईसी डिस्पेसिरियां शुरू होंगी। इससे स्वास्थ्य सेवाओं का ढांचा मजबूत होगा। इसके अलावा चिरायु आयुष्मान कार्ड के लाभार्थियों की संख्या बढ़ेगी। सरकार ने तीन लाख रुपये से अधिक आय वालों के कार्ड बनवाने की छूट दी है।
कर्ण नगरी में मिलेगा ड्रोन प्रशिक्षण
फूसगढ़ स्थित सामुदायिक केंद्र भवन में प्रदेश का पहला रिमोट पायलेट ट्रेनिंग ऑर्गेनाइजेशन (आरपीटीओ) स्थापित किया है। यहां प्रतिवर्ष करीब 500 युवाओं को ड्रोन उड़ाने का प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया जाएगा। बजट में सरकार ने 500 महिला स्वयं सहायता समूहों की 5000 बहनों को ड्रोन संचालन व रखरखाव के लिए प्रशिक्षित करने की बात की है। जिन्हें करनाल में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
प्रत्येक स्कूल में होगा ई-पुस्तकालय
निपुण हरियाणा मिशन प्रदेश में ग्रेड तीप स्तर पर लागू है, जिसे पांचवीं तक किया जाएगा। इससे 20 हजार विद्यार्थी और नए तरीके से पढ़ाई करेंगे। वहीं जिले के सभी सरकारी आदर्श संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों में ई-लाइब्रेरी स्थापित होगी। सभी छह खंडों में के प्रत्येक स्कूल को 25 लाख रुपये की राशि दी जाएगी। मुफ्त छात्र परिवहन सुरक्षा योजना के पूरे जिले में लागू होगी। अभी केवल इंद्री खंड में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में है।
अप्रत्यक्ष रूप से इन घोषणाओं से फायदा
- हरियाणा तीर्थ यात्रा योजना के तहत 1.80 लाख रुपये तक वार्षिक पारिवारिक आय वाले करीब 15 हजार परिवारों के वरिष्ठ नागरिक करेंगे मुफ्त यात्रा।
- 394 ग्राम पंचायतों को ग्राम सचिवालयों, सरकारी स्कूलों, स्वास्थ्य केंद्रों और अन्य स्थानों पर ऑप्टिकल फाइबर कनेक्शन मिलेंगे।
- गांवों में नए बस क्यू शेल्टर बनाए जाएंगे, जिले में अभी 116 गांवों में बस क्यू शेल्टर नहीं है।
- बस अड्डे पर पेयजल और शौचालय ब्लॉकों का आधुनिकीकरण होगा।
- रोडवेज के बेड़े में मानक के अनुसार, अभी 110 बसों की कमी है। 650 नई बसों की घोषणा से भी कुछ बसें मिलेंगी। विभाग ने 100 बसें और मांगी हुई हैं।
- लंबे अंतरराज्यीय मार्गों पर स्लीपर बस सेवाएं शुरू होंगी, करनाल से 28 अंतरराज्यीय मार्गों पर बस संचालन होता है।
- ई-रिक्शा के लिए वार्षिक शुल्क की बजाय एक ही बार शुल्क लगाने का प्रस्ताव पास हुआ है। शहर में आठ हजार ई-रिक्शा चल रहे हैं।
- शहरी क्षेत्र में मियावाकी वृक्षारोपण पद्धति को अपनाते हुए 2.5 एकड़ भूमि पर सघन वृक्षारोपण होगा।
- 118 ग्राम पंचायतों में स्ट्रीट लाइटें लगाई जा रही हैं, अन्य गांवों को भी शामिल करेंगे।
- 10 हजार से अधिक आबादी वाले 30 गांवों को हॉपर टिपर डंपर मिलेंगे।
- दिव्य नगर योजना के तहत 1000 लोगों की क्षमता वाला करनाल नगर निगम क्षेत्र में एक और सभागार बनेगा। अभी शहर में डॉ. मंगलसेन के अलावा मेडिकल कॉलेज और राजकीय पीजी कॉलेज में सभागार है।
- सूचना एवं जनसंपर्क और शहरी स्थानीय निकाय विभाग की ओर से जिला मुख्यालय स्तर पर एक सार्वजनिक पुस्तकालय बनेगा।