माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। शहर की 11 अवैध कॉलोनियां अब वैध होने के करीब हैं, क्योंकि इन्हें नगर निगम ने तो सारी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पहले ही मंडलायुक्त कार्यालय भेज दिया था। अब मंडलायुक्त डॉ. साकेत कुमार ने भी इनके नियमितीकरण पर अंतिम मोहर लगाने के लिए इनका दौरा कर मानकों को परखा है। उम्मीद की जा रही है कि मंडलायुक्त से स्वीकृति मिलने के बाद इन्हें निगम की ओर से सरकार को भेज दिया जाएगा। जिससे इन कॉलोनियों से अवैध होने का कलंक खत्म हो जाएगा और विकास की मुख्य धारा में शामिल हो सकेंगी।
नगर निगम ने हकीकत नगर, घोघड़ीपुर रेलवे पुल से अनाज मंडी की ओर आने वाले रोड पर आनंद विहार, मंगल कॉलोनी, डीआरपी कॉलोनी, मेरठ रोड स्थित विकास कॉलोनी, सेक्टर 32 में राधा स्वामी वाटिका, बुढ़ा खेड़ा, आरके पुरम आदि 11 कॉलोनियों के नियमितीकरण का प्रस्ताव पारित किया था। मानकों का परीक्षण कराने के बाद उसे नियमित करने के लिए मंडलायुक्त कार्यालय भेजा था। इसके अलावा पिछले महीने हुई बजटीय बैठक में भी 26 कॉलोनियों को नियमितीकरण के लिए प्रस्ताव पारित किया गया है। उसे भी मंडलायुक्त कार्यालय भेजा जाएगा।
पहले भेजी गई 11 कॉलोनियों का निरीक्षण करने के लिए मंडल आयुक्त डॉ. साकेत कुमार सोमवार को कॉलनियों में पहुंचे। सबसे पहले कैथल रोड की बाला जी कॉलोनी का निरीक्षण किया। इसके बाद घोघड़ीपुर रोड पर स्थित हकीकत नगर, घोघड़ीपुर रेलवे पुल से अनाज मंडी की ओर आने वाले रोड पर स्थित आनन्द विहार, मंगल कॉलोनी, डीआरपी कॉलोनी, मेरठ रोड पर स्थित विकास कॉलोनी, सेक्टर 32 में राधा स्वामी वाटिका, बुढ़ा खेड़ा, आर.के पुरम इत्यादि कॉलोनियों में जाकर मानकों को परखा। अभी तक ये कॉलोनियां अवैध हैं, जिसके कारण यहां नगरनिगम मूलभूत समस्याएं मुहैया नहीं करा रहा हैं।
निरीक्षण के बाद मंडल आयुक्त डॉ. साकेत कुमार ने बताया कि नगर निगम ने 11 कॉलोनियों को वैध करने का प्रस्ताव उनके पास भेजा है। इस प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है। इसी के चलते इन कॉलोनियों का निरीक्षण किया गया। कॉलोनियों में बिजली, पानी, सड़कों, सीवरेज व अन्य मूलभूत आवश्यकताओं को जांचा गया। इस निरीक्षण के दौरान जिला राजस्व अधिकारी श्याम लाल, जिला नगर योजनाकार गुंजन तथा डीडीपी कार्यालय का स्टाफ मौजूद रहा।