संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में एक सेवादार की ओर से तिरंगा फाड़ने का मामला सोमवार को तूल पकड़ गया। इसको लेकर सामाजिक संगठनों के लोग और स्टाफ कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में एकत्रित हुए और आरोपी सेवादार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इसके बाद एक प्रतिनिधिमंडल निदेशक से मिला और उन्हें ज्ञापन सौंपा। सामाजिक संगठनों ने उपायुक्त कार्यालय में जाकर ज्ञापन सौंपा।
कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज के परिसर में निर्मल कुटिया की ओर से मरीजों की सेवा के लिए एक केबिन बनाया गया है। जहां पर दो सेवादार बैठते हैं। रविवार को इसी केबिन के शीशे पर लगे प्लास्टिक के तिरंगे को एक सेवादार ने फाड़कर डस्टबिन में फेंक दिया था। जिस पर परिसर में मौजूद अस्पताल के स्टाफ ने आपत्ति जताते हुए पुलिस को बुला लिया था। सिविल लाइन पुलिस ने आरोपी सेवादार को हिरासत में लिया था। इस दौरान मेडिकल कॉलेज में सिविल लाइन थाना पुलिस तैनात रही। प्रतिनिधिमंडल के मुताबिक फिलहाल केबिन हटाने से मना किया गया है। उधर, विरोध में उतरे लोगों का कहना था कि वे मरीजों की सेवा के लिए बनाए गए केबिन का विरोध नहीं है। वे सिर्फ उस सेवादार के विरोध में हैं, जिसने तिरंगे का अपमान किया है। उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
मेडिकल कॉलेज में निर्मल कुटिया के सेवादार द्वारा तिरंगा फाड़ने के मामले में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। जिसे बाद में जमानत पर छोड़ा गया है।
- ललित कुमार, थाना प्रभारी, सिविल लाइन, करनाल
तिरंगा फाड़ने के मामले में पुलिस को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है। सेवादार को हटाने के साथ ही बोर्ड पर अंकित उसका नाम और नंबर हटाने के लिए कहा है। आरोपी सेवादार के मेडिकल कॉलेज परिसर में प्रवेश पर बैन लगा दिया गया है।
- डॉ. जगदीश चंद दुरेजा, डायरेक्टर, केसीजीएमसी, करनाल