- डॉक्टरों को अंधेरे में करना पड़ा इलाज, कई मरीज बिना इलाज लौटे
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। सिविल अस्पताल में मंगलवार को बार-बार बिजली कट लगते रहे। जिसके चलते अपने इलाज के लिए पहुंचे मरीजों के अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे व ईसीजी की जांच कई बार बीच में रुक गई। इसके चलते सेवाएं ठप हो गई। डॉक्टरों को मरीजों का अंधेरे में बैठकर उपचार करना पड़ा। अस्पताल परिसर में लाइटें और पंखे बंद रहने से करीब 500 से अधिक मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी और लगभग 150 से अधिक मरीज बिना उपचार लौट गए।
हॉटलाइन सुविधा होने के बावजूद मंगलवार को सिविल अस्पताल में आधे-आधे घंटे के बीच कट लगते रहे। उमस से निजात पाने के लिए मरीज मुख्य गेट पर फर्श पर बैठने को विवश हुए। आलम ये रहा कि अस्पताल पहुंचे कई मरीज ओपीडी पर्ची तक नहीं बनवा पाए और बिजली आपूर्ति बहाल होने के बाद ही तमाम सेवाएं शुरू हो पाई। निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए बिजली निगम ने नागरिक अस्पताल को हॉटलाइन से जोड़ा है। इसके अलावा यहां जेनरेटर की सुविधा भी है। बार-बार कट लगने के बाद बैकअप के लिए रखा गया जनरेटर सिस्टम चालू तक नहीं किया गया।
वार्डों में भर्ती मरीज भी परेशान
बत्ती गुल होने से एकतरफ उपचार के लिए अस्पताल में आए 500 से अधिक मरीजों को दिक्कतें झेलनी पड़ी वहीं, वार्डाें में भर्ती करीब 50 से अधिक मरीज भी परेशान रहे और उनके तीमारदार उन्हें हाथ वाले पंखे से हवा करते नजर आए। वार्ड में भर्ती मरीजों ने बताया कि मंगलवार को पूरे दिन बिजली के कट लगते रहे।
सिविल अस्पताल में कुछ देर के लिए ही बिजली कट लगे थे। जिसके बाद अस्पताल के बिजली कर्मी से तुरंत प्रभाव से बिजली को ठीक करवा दिया गया था।
डॉ. रेणु चावला, पीएमओ, सिविल अस्पताल, करनाल