115... मूनक कथा में प्रवचन करते ब्रिजेश तिवारी। स्वयं
मूनक। गांव में चल रही श्रीराम कथा में मंगलवार को कथा व्यास ब्रिजेश तिवारी ने भगवान श्रीराम के 14 वर्ष के वनवास की कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि जिस दिन राम का राजतिलक होना था, उसी दिन रानी कैकेयी ने राजा दशरथ से वचन मांग लिए। श्रीराम ने पिता के वचन की लाज रखते हुए राजगद्दी का त्याग कर वनवास स्वीकार किया। तिवारी ने बताया कि सीता और लक्ष्मण भी श्रीराम के साथ वनवास गए और इसके बाद वियोग में राजा दशरथ ने प्राण त्याग दिए। कथा सुनकर श्रद्धालु भावुक हो उठे और पूरे पंडाल में जय श्रीराम के जयकारे गूंज उठे। संवाद