शहजादपुर। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बड़ी बस्सी में बच्चों और शिक्षकों ने अनूठे तरीके से शिक्षक दिवस मनाया। स्कूल में बच्चे ही प्राचार्य और अध्यापकों की भूमिका में नजर आए।
एक दिन की प्राचार्य 12वीं कक्षा की छात्रा ईशु बनी। ईशु बताती है कि उसका सपना भी शिक्षक बनने का है और आज एक दिन की प्राचार्य बनकर उसका सपना मानो पूरा हो गया। अब वह और अधिक मेहनत करेगी और अच्छे अंको से उत्तीर्ण होकर एक दिन शिक्षक अवश्य बनेगी। बता दें कि बड़ी बस्सी के राजकीय विद्यालय के 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों ने शिक्षक दिवस के मौके पर अध्यापकों की भूमिका का निर्वहन करते हुए शिक्षण कार्य की बागडोर संभाली और छात्रा ईशु द्वारा प्रधानाचार्या की भूमिका को बखूबी निभाया गया।
एक दिन की प्राचार्य ईशु ने अपने अनुभव सांझा करते हुए बताया कि सुबह प्रात: कालीन सभा से उसने प्राचार्य के कार्य की शुरूआत की। इस दौरान स्कूल प्राचार्य प्रोमिला बिंदल भी उनके साथ रही। एक दिन की प्राचार्य व अध्यापक बने विद्यार्थियों को स्कूल स्टाफ व विद्यार्थियों द्वारा शिक्षक दिवस की बधाई दी।
बच्चों से सवाल भी पूछे
ईशु का कहना है कि प्रार्थना सभा के बाद उसने प्राचार्य रूम में जाकर प्राचार्य की कार्यप्रणाली को नजदीक से देखा। उसके बाद उसने कक्षाओं की विजिट की और बच्चों से उनके पाठयक्रम से संबंधित सवाल पूछे और उनसे यह जाना कि उन्हें पढ़ने में कोई दिक्कत तो नहीं आती है। इस अवसर पर उन्होंने सभी विद्यार्थियों से कहा कि वह नशीले पदार्थाें के सेवन से दूर रहे और उनके आस-पड़ोस या परिवार में कोई व्यक्ति नशा करता है तो उसे भी नशे से होने वाली हानियों से अवगत करवाएं।
मिड डे मील और सफाई की चेक
ईशु ने मिड डे मिल को चेक करने के साथ ही स्कूल की सफाई व्यवस्था व टायलेट की सफाई व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। वहीं, कार्यक्रम में मंच संचालन प्राध्यापक डॉ. प्रवेश कुमार ने किया। इस अवसर पर कनवीनर का दायित्व हिमानी माटा और संदीप गुप्ता ने संयुक्त रूप से निभाया। इस मौके पर गुरदीप सिंह, राजेश सैनी, हरविंद्र, कुलविंद्र सिंह, ज्योति लोहान, ज्योति भाटिया, अमरजीत कौर, ममता और रेखा रानी मौजूद रहे।