कौजी गांव में दहेज की मांग को लेकर एक विवाहिता को मारपीट के बाद घर से निकालने के मामले को लेकर रविवार को गुस्साए ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पुलिस प्रशासन पर मामले में ढिलाई बरतने का आरोप लगाते हुए गुस्साए ग्रामीणों ने डीएसपी कार्यालय के सामने नारेबाजी की। मामला बढ़ता देख डीएसपी कुशलपाल ने ग्रामीणों को ठोस कार्रवाई करने का आश्वासन दिया, तब जाकर ग्रामीण शांत हुए।
मामला कलसौरा व भौजी गांव से संबंधित है। कलसोरा गांव की लड़की की शादी 8-9 साल पहले भौजी खालसा गांव में हुई थी। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों का आरोप है कि शादी के बाद से ही विवाहिता के ससुराल वाले उससे दहेज की मांग करके लगातार मारपीट करते थे और वह लंबे समय तक अपने मायके में भी रही। कुलदीप ने कहा कि वह विवाहिता का भाई है, उसकी बहन भौजी खालसा में ब्याही हुई है। दहेज की मांग करते हुए उसकी बहन को घर से बाहर निकाला हुआ है। विवाहिता ने कहा कि ससुराल पक्ष के लोग उसे लगातार दहेज के लिए तंग करते आ रहे हैं और उसके साथ मारपीट भी करते हैं। उसे मारपीट करके घर से बाहर निकाल दिया। सूचना देने के लिए जब 100 नंबर पर फोन किया गया तो किसी ने फोन नहीं उठाया। फिर बाद में 1091 पर फोन कर सूचना दी गई। ग्रामीणों ने ससुरालियों की पिटाई से उसे छुड़वाया।
डीएसपी कुशलपाल ने कहा कि विवाहिता ने अपनी सास, पति, देवर पर दहेज मांगने व मारपीट के आरोप लगाए हैं। इस मामले में कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर सरपंच करण सिंह, जसमेर, नरेश, विजेंद्र, सतपाल, पूर्ण, सुमेर चंद, राजबीर, गुरनाम सिंह, गुरमेज, गुल्फाम, देशराज, सेठपाल, सतीश कुमार, सुलेखचंद, नवीन कुमार, इंतजार, राजबीर सिंह, सुनील कुमार, जसवंत सिंह, किरणा, अंग्रेजों, सलोचना, शांति, गुरनामों, नसीबो, रेनू आदि मौजूद रहे।