सेक्टर 3 स्थित केसी पेपर प्लांट में काम करने वाले मजदूर को नोटबंदी के दौरान अपने खाते में प्लांट मालिक का पैसा डलवाना महंगा पड़ गया। मजदूर का आरोप है कि प्लांट के दोनों मालिकों ने उससे पूरे पैसे लेने के बाद भी 70 हजार रुपये और मांगे। आरोप है कि प्लांट मालिक ने उसके साथ मारपीट भी की। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर प्लांट के दोनों मालिकों पर मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस को दी शिकायत में बीरभान वासी दहा ने बताया कि वह सेक्टर तीन स्थित प्लांट नंबर 172 केसी पेपर प्लांट में काम करता है। नोटबंदी में प्लांट के मालिक देंवेद्र चावला और सतपाल खेतरपाल ने उसके खाते में 94 हजार रुपये और उसकी पत्नी कुसुम के खाते में 35 हजार रुपये डलवाए थे। इसी तरह दोनों मालिकों ने अन्य कर्मचारियों के खाते में भी पैसे डलवाया थ। जिसके बाद मालिकों ने उनके खाते से थोड़े थोड़े पैसे निकलवाने शुरू कर दिए। पीड़ित ने बताया कि मैंने मालिकों के पूरे पैसे वापस कर दिए पर उन्होंने मुझसे 70 हजार और भी मांगे। जिस पर उनका विवाद हो गया। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर पेपर प्लांट के दोनों मालिकों के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।