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Haryana: रिश्वत लेते इंस्पेक्टर और प्लांट अटेंडेंट गिरफ्तार, FIR से नाम निकालने के लिए की थी सात लाख की मांग

Tue, 11 Apr 2023 01:24 AM IST
भूपेंद्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, करनाल (हरियाणा)

सार

करनाल विजिलेंस की टीम ने हांसी में कार्रवाई की है। पीड़ित की शिकायत पर विजिलेंस की टीम ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। मंगलवार को दोनों आरोपियों को हांसी की अदालत में पेश किया जाएगा। हांसी निवासी पीड़ित ने करनाल विजिलेंस को शिकायत दी थी। 
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घूस - फोटो : Social media
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विस्तार
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करनाल विजिलेंस की टीम ने हिसार के हांसी से सोमवार को हरियाणा पुलिस के इंस्पेक्टर और बिजली निगम के प्लांट अटेंडेंट को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी एफआईआर से नाम निकालने के लिए सात लाख रुपये की मांग कर रहे थे। पीड़ित की शिकायत पर विजिलेंस की टीम ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। मंगलवार को दोनों आरोपियाें को हांसी की अदालत में पेश किया जाएगा।

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हांसी निवासी पीड़ित ने करनाल विजिलेंस को शिकायत दी थी कि वर्ष 2018 में हांसी के सिटी पुलिस थाने में उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई दी। केस से संबंध नहीं होने पर उसने हांसी सिटी पुलिस से मिलकर एफआईआर से नाम हटाने की गुहार लगाई थी।

इसके लिए इकनॉमिक ऑफेंस विंग हांसी के इंचार्ज इंस्पेक्टर उमेद सिंह और बिजली निगम हरियाणा में प्लांट अटेंडेंट फर्स्ट एवं निवासी थर्मल पावर प्लांट खेदड़ शिव कुमार उससे सात लाख रुपये रिश्वत मांग रहे थे। इस पर संज्ञान लेते हुए विजिलेंस की टीम ने कार्रवाई की।
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इसके बाद एंटी करप्शन ब्यूरो करनाल के इंस्पेक्टर चरण सिंह के नेतृत्व में विजिलेंस की टीम सोमवार को हिसार के हांसी पहुंची और पीड़ित को एक लाख रुपये दिए। इन रुपयों में पाउडर लगाया गया। पीड़ित ने एक लाख रुपये लेकर आने के लिए उमेद सिंह और शिव कुमार से संपर्क किया।

जिस पर शिव कुमार रिश्वत लेने के लिए आया। रकम लेते ही विजिलेंस की टीम ने उसके पकड़ लिया। नोटों में लगा पाउडर लगने से उसके हाथ लाल हो गए। जिसके बाद टीम ने रिश्वत देने का दबाव बना रहे इंस्पेक्टर उमेद सिंह को भी गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ हांसी में धारा सात, सात-ए, 3(1)(बी) आर/डब्ल्यू 13(2) और धारा 384 एवं 120 के तहत केस दर्ज किया गया है।

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