- बिजली मंत्री बोले, तीन किलोमीटर से अधिक दूरी होने पर 50 फीसदी खर्च उपभोक्ता उठाएगा
- सौंकड़ा में सिख सामुदायिक केंद्र का शिलान्यास करने पहुंच थे बिजली मंत्री
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। प्रदेश के गांवों में ऐसे डेरों को भी अब बिजली कनेक्शन मिलेगा, जो लाल डोरा की सीमा से तीन किलोमीटर तक की दूरी पर हैं। इसके लिए लोगों को कोई खर्च वहन नहीं करना होगा। यह घोषणा बिजली एवं जेल मंत्री रणजीत चौटाला ने की। वह नीलोखेड़ी के गांव सौंकड़ा में सिख समुदाय केंद्र का शिलान्यास करने पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि लाल डोरा से तीन किमी दूर स्थिति डेरों को भी अब बिजली कनेक्शन दिए जाएंगे। वहीं, जिन लोगों के डेरे तीन किलोमीटर से अधिक दूरी पर हैं, उन्हें बिजली कनेक्शन लेने के लिए आने वाले खर्च में 50 फीसदी राशि का भुगतान करना होगा। शेष राशि सरकार वहन करेगी।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में राजस्व रिकाॅर्ड अनुसार 6307 गांव हैं जिनमें से 5700 में 24 घंटे बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। लाइनलॉस 31 प्रतिशत से घटकर नौ प्रतिशत रह गया है। एक प्रतिशत लाइनलॉस घटने से सरकार को 275 करोड़ रुपये की बचत होती है। अब विद्युत निगम घाटे से उबर चुका है और दो हजार करोड़ रुपये के मुनाफे में है।
तीन दिन में शिकायतें निपटाएंगे अधिकारी
बिजली मंत्री रणजीत चौटाला ने कार्यक्रम के दौरान विद्युत निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि गांव में खंभों, बिजली तार, कंडक्टर या ट्रांसफार्मर बदलने संबंधी जितनी भी शिकायतें हैं उनका तीन दिन के भीतर समाधान करें। जनता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार ने किसानों की लोड बढ़ाने की मांग को पूरा किया है। घरों, स्कूलों, तालाबों आदि स्थानों के ऊपर से गुजर रही हाई वोल्टेज तारों को सरकार अपने खर्च पर हटवाएगी। इस कार्य के लिए 151 करोड़ रुपये की राशि निर्धारित की गई है।