माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। प्रदेशभर की अनाज मंडियां पांचवें दिन भी बंद रहीं। इसके बावजूद आढ़तियों और हरियाणा सरकार के बीच कोई संवाद नहीं हो सका है। जिसे देखते हुए हरियाणा स्टेट अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन के प्रदेेशाध्यक्ष अशोक गुप्ता व स्टेट चेयरमैन रजनीश चौधरी की अगुवाई में शुक्रवार से करनाल अनाज मंडी में आमरण अनशन शुरू कर दिया है। इसमें कुल सात आढ़ती बैठे हैं। उनके समर्थन में प्रदेशभर से कई आढ़ती पहुंचे। आढ़तियों ने एलान किया कि जब तक मांगें पूरी नहीं होती, तब तक वह आमरण अनशन जारी रखेंगे।
सुबह 11:30 बजे से सात आढ़ती एसोसिएशन के नेता मंडी के स्टेज शेड पर आमरण अनशन पर बैठ गए। इसमें प्रदेश अध्यक्ष अशोक गुप्ता, स्टेट चेयरमैन एवं जिला करनाल के अध्यक्ष रजनीश चौधरी, राज्य कोषाध्यक्ष व शाहाबाद मंडी प्रधान स्वर्णजीत सिंह कालड़ा, सीनियर उपाध्यक्ष व जिला यमुनानगर प्रधान शिव कुमार संधला, उपाध्यक्ष व जींद जिला अध्यक्ष राजपाल लाठर, राज्य कार्यकारिणी सदस्य व सिरसा मंडी के उप प्रधान प्रेम बजाज और मतलौडा मंडी प्रधान विजय छाबड़ा शामिल हैं।
प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि आढ़ती अपना हक मांग रहे हैं। हरियाणा सरकार एक सोची समझी साजिश के तहत अनाज मंडियों और आढ़तियों को खत्म करने पर तुली है। जिसे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसानों का धान पककर खेतों में खड़ा है, लेकिन सरकार ने अभी धान खरीद नीति भी जारी नहीं की है। खरीद को 15 सितंबर से शुरू किया जाना चाहिए था। आढ़तियों को 2.5 प्रतिशत आढ़त दी जानी चाहिए, मंडी शुल्क व एचआरडीए को सिर्फ एक प्रतिशत किया जाना चाहिए। सरकारी खरीद का भुगतान किसान की इच्छा पर किसान के या आढ़तियों के खाते में दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब तक मांगें पूरी नहीं होगी, आमरण अनशन जारी रहेगा। प्रदेशभर की मंडियां बंद रहेंगी।
इस मौके पर प्रदेश महासचिव विकास सिंघल, कैथल जिला प्रधान अश्विनी सुरेवाला, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष रामअवतार तायल, जिला कुरुक्षेत्र प्रधान चौधरी बनारसीदास, गोहाना मंडी प्रधान विनोद सेहरावत, लाडवा से किसान नेता बलदेव राठी, करनाल मंडी से राज कुमार सिंगला, बग्गा सिंह, राजेंद्र गुप्ता, रिंकू, मुनीष, कुरुक्षेत्र मंडी प्रधान दौलत राम बंसल आदि कई मंडियों से आढ़ती पहुंचे।