- बेटे ने ओएलएक्स पर ग्राफिक्स कार्ड बेचने का ऑफर डाला, आरोपी ने खुद को सैन्यकर्मी बता विश्वास में लिया
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। जज के बेटे को ओएलएक्स पर ग्राफिक्स कार्ड बेचना भारी पड़ गया। आरोपी ने खुद को सैन्यकर्मी बताकर विश्वास में लिया और बेटे का यूपीआई खाता न होने पर जज की पत्नी के खाते में ट्रांजेक्शन के नाम से रुपये निकाल लिए। रुपये निकालने से पहले आरोपी ने कार्ड नंबर देते हुए जज की पत्नी के जीपे और पेटीएम खाते में नंबर दर्ज कराया, इसके बाद उनके खाते से 30 हजार रुपये निकाल लिए। पुलिस ने जज की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया है।
पुलिस को दी शिकायत में एक जज ने बताया कि 25 फरवरी को उनके बेटे ने ओएलएक्स पर ग्राफिक्स कार्ड बेचने का ऑफर डाला था। कुछ समय बाद उन्हें एक व्यक्ति का फोन आया। जिसने खुद को सेना का जवान बताया और 10 हजार रुपये में ग्राफिक्स कार्ड खरीदने के लिए राजी किया। आरोपी ने यूपीआई एप के माध्यम से 10 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करने के बाद ही आर्मी पर्सनल के माध्यम से ग्राफिक्स कार्ड लेने का भी आश्वासन दिया।
इसके बाद जज के बेटे ने आरोपी को बताया कि उसका पेटीएम खाता किसी भी बैंक से लिंक नहीं है। इसके बाद आरोपी ने परिवार के किसी अन्य सदस्य के खाते में रुपये भेजने की बात कही। इस पर बेटे ने अपनी मां के पेटीएम नंबर पर रुपये भेजने की बात कही। शुरुआत में 10 रुपये भेजकर खाते को सत्यापित भी किया। इसके बाद आरोपी ने कार्ड नंबर देते हुए मां के जीपे और पेटीएम खाते में नंबर दर्ज कराया। इसके बाद धोखे से 30 हजार रुपये ट्रांसफर कर लिए।