जिला के लोगों के लिए पिछले चार दिनों से पड़ रही भारी धुंध शनिवार सुबह भी जारी रही। लेकिन शीत लहर के कारण धुंध ज्यादा गहरी नहीं थीं। जिस कारण करीब सौ मीटर तक दृश्यता रही। हालांकि इसके बावजूद सुबह के समय सूर्यदेव के दर्शन नहीं हो पाए। करीब बारह बजे तक ही सूरज निकला। उधर कोहरे के कारण वाहन चालक परेशान रहे। बसें व ट्रेनें अपने निर्धारित समय से लेट रहीं।
मौसम वैज्ञानिक चंद्रशेखर डागर ने बताया कि रविवार को भी कोहरा रहेगा। जबकि 12 दिसंबर से तापमान में बढ़ोतरी का अनुमान है। न्यूनतम तापमान 9 डिग्री रहेगा।
पूरा दिन चला सूर्य देव की लुका छुपी का खेल
सर्दी का मौसम शुरू होने के बाद शनिवार को सबसे ज्यादा ठंड महसूस की गई दिन रहा। दिन भर चली सर्द हवाओं से लोगों में पूरा ठिठुरन देखी गई। इस सर्द हवाओं का असर बे जुबान जीव जंतुओं पर देखने को मिला। पूरा दिन सूर्य देव की लुका छुपी का खेल चलता रहा। शाम होते होते आसमान पर बादल छाए गए थे और ठंड भी बढ़ चुकी थी। सुबह धुंध के कारण दोपहर तक यातायात व जन जीवन रुका रहा। जिससे यातायात के साथ-साथ आम आदमी की दिनचर्या भी प्रभावित हुए बिना नहीं रह सकी।
रेंग रेंग कर चले वाहन
पिछले चार दिनों से पड़ रहे कोहरे व धुंध ने जीवन की चाल को धीमा कर दिया। सड़कों पर वाहन रेंग रेंग कर चल रहे हैं। दिन के समय भी वाहन चालकों को लाइटें जला कर ही सड़कों पर चलना पड़ रहा है। सुबह के समय तो कुछ दिखाई ही नहीं दे रहा था। पूरा दिन सूर्य देवता के दर्शन तक नहीं हुए। लोगों की दिनचर्या भी इससे काफी प्रभावित हुई है। दृश्यता बहुत ही कम रह गई है। लोग केवल जरूरी काम के लिए ही घर से निकल रहे हैं उसके अतिरिक्त लोगों ने घरों से भी निकलना बंद कर दिया है। शाम होते होते दुकानें बंद हो जाती हैं और बाजार सुनसान हो जाते हैं।