संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में शनिवार को तीसरे दिन भी सुबह से लेकर दोपहर तक रुक-रुक कर बारिश हुई। बारिश के बाद करीब दो घंटों तक सड़क पर जलभराव रहा। इससे वाहन चालकों को सफर करने में भारी परेशानी झेलनी पड़ी। वहीं, नालों व सीवरेज की सफाई नहीं होने के कारण प्रशासन की भी पोल खुल गई।
दूसरी ओर गर्मी से लोगों को काफी राहत मिली है। बारिश के बाद लोगों ने एसी चलाना बंद कर दिया है। तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। शनिवार को सुबह आठ बजे आसमान में बादल छा गए थे। इसके बाद नौ बजे के करीब बूंदाबांदी हुई और 11 बजे के बाद तेज बारिश शुरू हुई। दोपहर बाद तक बूंदाबांदी जारी रही।
मौसम विभाग अनुसार आगामी दो दिनों तक गरज चमक के साथ अच्छी बारिश होने का अनुमान है। शनिवार को औसतन 40 एमएम बारिश हुई है। पिछले दो दिनों से जिले में बारिश हो रही है। जून व जुलाई में नाममात्र बारिश हुई थी।
शहर में पिछले तीन दिनों से हो रही बारिश से सड़कों पर जलभराव हो गया। पानी निकासी व्यवस्था ठप होने के कारण तीन- तीन घंटों तक जलभराव हो रहा है। इससे राहगीरों को आने जाने में परेशानी हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना था कि हर बार प्रशासन की तरफ से नालों व सीवरेज की सफाई पर लाखों रुपये कागजों में खर्च दिखाएं जाते हैं, जबकि धरातल पर कोई सफाई का कार्य नहीं होता है।
शनिवार को अंबाला रोड, करनाल रोड, जींद रोड, छात्रावास रोड, पिहोवा चौक, भगत सिंह चौक पर सड़कों के आसपास पानी खड़ा रहा। जिस कारण दिनभर शहर में जाम की स्थिति भी बनी रही। शक्ति नगर, हरिनगर, डीएवी कॉलोनी, हरसौला बस्ती में भी पानी निकासी व्यवस्था ठप रही है।
आगामी दो दिनों तक बारिश के आसार है। गर्मी से लोगों को राहत मिली। वहीं पछेती धान की किस्म के लिए बारिश फायदेमंद रहेगी। -रमेश चंद, समन्वयक कृषि विज्ञान केंद्र