संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शहरवासियों के लिए राहत की खबर है। सिरसा ब्रांच नहर में वीरवार शाम को पानी पहुंच गया है, जिससे पेयजल संकट की आशंका फिलहाल टल गई है। नहर में 8 मई को पानी छोड़ा जाना था, लेकिन यह देरी से 15 मई को पहुंचा। इस देरी के कारण शहर में जल संकट की स्थिति बनने लगी थी।
पंजाब की ओर से पानी की आपूर्ति कम किए जाने के चलते नहर में समय पर पानी नहीं आया, जिससे जनस्वास्थ्य विभाग के सामने शहर को पर्याप्त पेयजल आपूर्ति करना एक बड़ी चुनौती बन गया था।
करीब 70% आबादी नहरी पानी पर निर्भर ः शहर की करीब 70 प्रतिशत आबादी नहरी पानी पर निर्भर है। नहर में पानी की कमी से सप्लाई प्रभावित होती, लेकिन अब पानी पहुंचने से राहत मिली है।
जनस्वास्थ्य विभाग के एसडीई गोपाल वैद्य ने बताया कि वीरवार शाम को नहर में पानी पहुंच चुका है, जिससे अब नियमित जल आपूर्ति संभव हो सकेगी। उन्होंने कहा कि यदि भविष्य में भी कोई कमी आती है, तो ट्यूबवेल से वैकल्पिक जलापूर्ति की जाएगी।
आठ अप्रैल से बंद थी आपूर्ति ः उल्लेखनीय है कि सिरसा ब्रांच नहर में 8 अप्रैल से पानी आना बंद हो गया था। इसके बाद लगातार नहर सूखी रही। कहा गया था कि यदि 15 मई को भी पानी नहीं पहुंचता, तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।अब पानी की उपलब्धता से जनस्वास्थ्य विभाग ने राहत की सांस ली है और शहरवासियों को भी बड़ी राहत मिली है।
जल भंडारण क्षमता और आपूर्ति की स्थिति
कैथल शहर में जनस्वास्थ्य विभाग के स्टोरेज टैंकों की कुल क्षमता 10,817 लाख लीटर है, जिसमें से प्रतिदिन 303 लाख लीटर पानी की आपूर्ति की जाती है।प्यौदा रोड और मानस रोड पर जल भंडारण के लिए विशेष टैंक बनाए गए हैं। प्यौदा रोड पर दो महीने पहले नए टैंक शुरू किए गए हैं।शहर में प्रति व्यक्ति प्रतिदिन 135 लीटर पानी की आपूर्ति का मानक निर्धारित है। सिरसा ब्रांच नहर में पानी पहुंचने का चक्र लगभग 32 दिन का होता है।