जिले में शुक्रवार को डेंगू से पीड़ित तीन मरीज पाए गए। इनमें से दो राजौंद क्षेत्र में व एक कैथल में पाया गया। अब तक जिले में डेंगू के 104 मरीज पाए गए हैं, जिनमें से ज्यादातर ठीक हो चुके हैं। सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहूजा ने कहा कि डेंगू के बढ़ते मामलों को देखते हुए जिले के निजी अस्पतालों व लैब संचालकों को निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा है कि डेंगू व चिकनगुनिया को लेकर कोई भी अस्पताल किसी तरह की लापरवाही नहीं बरतें। मरीज में डेंगू व चिकनगुनिया की पुष्टि अपने तौर पर नहीं करें। डेंगू के मरीजों के बारे में तुरंत से विभाग को अवगत करवाया जाए। स्वास्थ्य विभाग के आदेशों के मुताबिक कोविड मामलों के साथ-साथ डेंगू व चिकनगुनिया के केसों के बारे में भी निजी अस्पतालों को प्रशासन को जानकारी देनी होगी। निजी अस्पताल व लैब कार्ड आधारित टेस्ट नहीं करें, टेस्ट केवल अलीसा आधारित ही किए जाएं, जिससे डेंगू बुखार की सही पुष्टि हो सके। जो भी सैंपल संदिग्ध व पुष्ट हैं वे स्वास्थ्य विभाग को भेजे जाएं। डेंगू के इलाज के लिए केंद्र सरकार के निर्देशों का पालन किया जाए।