संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। श्री ग्यारह रुद्री शिव मंदिर में आयोजित पांच दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का सोमवार को जन्माष्टमी पर्व पर समापन हुआ। कथा वाचक पंडित दिव्या ने कहा कि भगवान के लिए उनकी भक्ति करने वाला परम मित्र होता है। वह बिना कुछ कहे ही अपने भक्तों के सारे कष्ट हर लेता है। अपने भक्तों की नैया पार लगा देता है।
इससे पूर्व कथा के अंतिम दिन पार्षद रामवीर सैनी उर्फ लीलू ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने दीप प्रज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस मौके पर वृंदावन से आई कथा वाचक पंडित दिव्या ने श्री कृष्ण सुदामा मित्रता का प्रसंग सुनाया। कथा के अंतिम दिन सैंकड़ों श्रद्धालुओं ने भगवान लड्डू गोपाल के दर्शन करके झूला झुलाया। इस मौके पर सभी भक्तों को चरणामृत का प्रसाद वितरित किया।
कथा के दौरान मंदिर में खाटू श्याम की शीश दान करते हुए झांकी, देवकी वासुदेव जेल जन्म श्री कृष्ण झांकी, भगवान भोलेनाथ की झांकी दिखाई। इसके साथ ही डीजे पर राधा कृष्ण ने नृत्य प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर प्रधान विनोद मित्तल, घनश्याम दास मित्तल, तुलसीदास सचदेवा, सत्यनारायण मित्तल, धर्मेंद्र गुप्ता, सुशील गोयल आदि मौजूद रहे।