संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। महाविद्यालयों में दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया रफ्तार पकड़ने लगी है। सोमवार को आवेदन में कुछ तेजी आ गई है। जिले के कॉलेजों में दाखिला प्रक्रिया जारी है। आवेदनों की संख्या आए दिन बढ़ रही है। कॉमर्स और साइंस संकाय में विद्यार्थियों का ज्यादा रुझान दिख रहा है।
जिले के सभी कॉलेजों में सीटों से बराबर आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। कई कॉलेजों में यह आंकड़ा दोगुना हो गया है। विद्यार्थियों भी प्रथम सूची में अपना नाम देखने के लिए काफी उत्साहित हैं। जाट महाविद्यालय में अब तक 820 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। कॉलेज में पांच कोर्सों के लिए 840 सीटें निर्धारित हैं। प्राचार्या डॉ. राजकला सिहाग पुनिया ने कहा कि दाखिला प्रक्रिया के दौरान आए दिन दाखिले के लिए आवेदन प्राप्त हो रहे हैं। अब तक सीटों के बराबर आवेदन आ चुके हैं।
जाट कॉलेज में आवेदन का विवरण
विषय
सीटें
आवेदन
बीए
480
551
बीएससी फिजिकल साइंस
180
81
बीकॉम
80
129
बीएससी फिजिकल
50
30
डेजिस्ट्रर मैनेजमेंट
50
08
उधर, आरकेएसडी कॉलेज पोर्टल पर पंजीकरण प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। नई शिक्षा नीति के तहत सुबह और शाम के कॉलेज में उपलब्ध सभी स्नातक कार्यक्रमों में विभिन्न विषय संयोजन हैं, जो छात्रों को कई विकल्प देते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए, कॉलेज के हेल्प डेस्क पर कर्मचारी छात्रों को उनकी रुचि और पसंद के विषय संयोजन का पता लगाने में मदद कर रहे हैं।
विषय संयोजनों के विकल्पों के अलावा, कई कॉलेजों का चयन करने का विकल्प भी है। उदाहरण के लिए यदि किसी छात्र के वरिष्ठ माध्यमिक (12 वीं) की परीक्षा में कम प्रतिशत है, तो वह शाम के कॉलेज का विकल्प चुन सकता है, जिसमें मॉर्निंग कॉलेज के समान सभी सुविधाएं हैं। जहां तक प्रवेश कार्यक्रम का संबंध है, 25 जून को पंजीकरण प्रक्रिया समाप्त होने के बाद, उच्चतर शिक्षा विभाग हरियाणा अपने पोर्टल पर मेरिट सूची प्रदर्शित करेगा और मेरिट सूचियों के अनुसार, छात्र अपनी पसंद के कॉलेजों में प्रवेश ले सकते हैं।
प्राचार्य डॉ. संजय गोयल ने कहा कि कॉलेज प्रशासन ने प्रवेश प्रक्रिया के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं कर ली हैं जो 2 या 3 जुलाई को पहली मेरिट सूची जारी होते ही शुरू हो जाएगी। डॉ. गोयल ने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया के सुचारू संचालन के लिए हमारे पास कॉलेज में सभी आवश्यक बुनियादी ढाँचे और अन्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। अब तक कॉलेज को सभी
स्नातक कार्यक्रमों में लगभग 2500 पंजीकरण प्राप्त हुए हैं। डॉ. सुशील गुप्ता, डॉ. अशोक अत्री, डॉ. एसपी वर्मा और डॉ. अंकित हेल्प और पंजीकरण डेस्क पर छात्रों की मदद कर रहे हैं।