कैथल। जिला नागरिक अस्पताल में सुविधाओं की जांच करने के लिए केंद्र सरकार की एनक्वास की टीम 31 मई को निरीक्षण करेगी। इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग ने अपनी तैयारी शुरू दी है। इसके तहत शनिवार को नर्सिंग ऑफिसर के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत की। यह कार्यक्रम अब मई भर चलेगा। इससे पहले सिविल सर्जन डॉ. अशोक कुमार भी टीम के निरीक्षण को लेकर विशेष दिशा-निर्देश दे चुके हैं।
प्रशिक्षण के कार्यक्रम में नर्सिंग ऑफिसर को मरीजों की देखभाल करने के तरीकों की जानकारी दी। इसमें बताया कि किस प्रकार से हम मरीजों देखभाल करते हुए साफ-सफाई का ध्यान रख सकते हैं। पहले दिन 30 से अधिक नर्सिंग ऑफिसर ने प्रशिक्षण लिया। गौरतलब है जिला नागरिक अस्पताल में कुछ समय पहले ही राज्य की एनक्वास की टीम ने दौरा किया था। इसके बाद अस्पताल को सांत्वना पुरस्कार भी मिला था।
अब अस्पताल में फिर से मरीजों को दी सुविधाओं व अन्य स्वास्थ्य सेवाओं के संदर्भ में क्वालिटी की जांच की जाएगी। जिसमें दिल्ली से एनक्वास की टीम निरीक्षण करने के लिए पहुंचेगी। सिविल सर्जन डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि पिछले वर्ष जिला नागरिक अस्पताल में राज्य की एनक्वास की टीम ने दौरा किया था। इसमें अस्पताल को सांत्वना पुरस्कार मिल चुका है। अब 31 मई को केंद्र सरकार की तरफ से दिल्ली से एनक्वास की टीम दौरा करेगी। इसमें अस्पताल में मरीजों को दी जा रही सुविधाओं को लेकर जांच की जाएगी।
इस मौके पर अस्पताल के प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. सचिन मांडले, डॉ. गौरव पुनिया, मनीषा एमई, डॉ. सुनील अरोड़ा, डॉ. प्रीति सिंगला, डॉ. अनिल अग्रवाल, डॉ. राकेश मित्तल, डॉ. हिमांशु ,चीफ नर्सिंग ऑफिसर प्रवीना कुमारी, नीलम संधू, नीतेश सहित अन्य मौजूद थे।
यह है एनक्वास योजना
एनक्वास भारत सरकार की एक संस्था है। सरकारी अस्पतालों के मुख्य आठ विभागों की सेवाओं के मापदंडों पर परखने का काम करती है। इन विभागों में अंत: रोगी विभाग,रेडियोलाजी विभाग, प्रसूति वार्ड, ओपीडी, आपरेशन थियेटर, प्रयोगशाला, फार्मेसी, प्रशासनिक विभाग शामिल हैं। अतिरिक्त सेवा विभाग का कामकाज भी देखा जाता है। इसके तहत अस्पतालों में दी जाने वाली सुविधाओं की जांच के तहत अस्पताल को विकास कार्यों व सुविधाओं के लिए प्रोत्साहन राशि दी जाती है।