संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी का असर मैदानी इलाकों में भी दिखने लगा है। पिछले तीन दिनों से कोहरा लगातार बढ़ रहा है। सोमवार को लगातार छठे दिन सुबह पांच से सात बजे तक घना कोहरा रहने के कारण दृश्यता नगण्य रही। शहर के बाहरी क्षेत्रों में दृश्यता लगभग 10 मीटर तक सीमित रही। सड़कों पर वाहन लाइट चलाकर रेंगते दिखे।
सुबह 11 बजे तक कोहरे की चादर ने लोगों को कंपकंपी में डाल दिया। दोपहर दो से साढ़े चार बजे तक हल्की धूप से थोड़ी राहत मिली, लेकिन शाम 6 बजे के बाद ठंडी हवा फिर से चलने लगी। मौसम विभाग ने 27 दिसंबर तक शीतलहर और ठंडे दिन रहने की संभावना जताई है और येलो अलर्ट जारी किया है।
शनिवार की तुलना में अधिकतम तापमान सोमवार को दो डिग्री कम दर्ज किया गया। शाम के समय कोहरा और घना हो गया और रात में सड़कों पर वाहनों की रफ्तार कम हो गई। दिनभर धूप न निकलने और हवा की धीमी गति (8 किमी प्रति घंटा) के कारण लोग ठिठुरते रहे। सोमवार का अधिकतम तापमान 17.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 9.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
यातायात प्रभावित ः सुबह ठंड के कारण बाजारों में भी सन्नाटा देखा गया। आम दिनों की तुलना में कम लोग बाजार पहुंचे और कई दुकानें देरी से खुलीं। 11 बजे के बाद ही बाजार में हलचल शुरू हुई। बसें भी धीमी गति से चल रही थीं और निर्धारित अड्डों पर 20 मिनट तक लेट पहुंचीं। ट्रेनें भी लेट चल रही हैं। सर्द हवा के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिसका असर विशेषकर बुजुर्गों और बच्चों पर पड़ा। आगामी दिनों में कोहरा और सर्दी और बढ़ने की संभावना है।
अगले दो दिनों तक कोहरा और गहरा सकता है। मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों तक कोहरे का येलो अलर्ट जारी किया है। सुबह और शाम घना कोहरा रहने के कारण वाहन चालकों को हाईवे पर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। - डॉ. रमेश चंद्र वर्मा, कृषि विज्ञान मौसम समन्वय अधिकारी
कार्यक्रम में प्रस्तुति देते हुए छात्राएं।