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करनाल के बहुचर्चित सामूहिक दुष्कर्म मामले में एसआईटी का गठन

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करनाल के बहुचर्चित सामूहिक दुष्कर्म मामले की जांच के लिए कैथल पुलिस अधीक्षक शशांक सावन ने एसआईटी का गठन किया है। डीएसपी दिलीप सिंह की अगुवाई में यह एसआईटी करनाल में दर्ज तीनों मामलों की जांच करेगी। एसआईटी को जांच के लिए एक माह का समय दिया गया है। इस पूरे मामले में करनाल के प्रताप पब्लिक स्कूल के मालिक अजय भाटिया, तहसीलदार राजबख्श और नीलोखेड़ी के विधायक धर्मपाल गोंदर के पुत्र शिव गोंदर के नाम शामिल हैं। करनाल में यह मामला पिछले कई दिनों से चर्चा का विषय बना है। मामले को लेकर लगातार करनाल पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे थे। ऐसे में करनाल एसपी सुरेंद्र सिंह भौरिया ने आईजी को पत्र लिखकर जांच किसी दूसरे जिले से कराने को कहा था। इस पर मामले की जांच आईजी भारती अरोड़ा ने पिछले सप्ताह कैथल एसपी शशांक सावन को सौंपी थी। उन्होंने बताया कि डीएसपी दिलीप सिंह की अगुवाई में एसआईटी बनाई गई है। इसमें महिला थाना प्रभारी इंस्पेक्टर नन्हीं देवी सहित दो अन्य पुलिस कर्मचारी शामिल हैं। एसआईटी को जांच पूरी कर शीघ्र रिपोर्ट देने के लिए कहा है। यह एसआईटी करनाल में दर्ज तीनों मामलों की जांच करेगी।
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ये हैं तीन मामले
एसआईटी तीन अलग-अलग मामलों की जांच करेगी। पहला मामला नीलोखेड़ी निवासी महिला टीचर के खिलाफ है, जो प्रताप स्कूल के मालिक अजय भाटिया ने सिविल लाइन थाना में दर्ज कराया है। इसके बाद महिला ने अजय भाटिया, प्रिंसिपल पूनम नेवट और तहसीलदार के खिलाफ महिला थाना में सामूहिक दुष्कर्म का केस दर्ज कराया। मामले में नया मोड़ तब आया जब महिला और उसका पति सवा सात लाख रुपये लेते गिरफ्तार कर लिये गए। आरोप है कि ये पैसे अजय भाटिया को ब्लैकमेल करने के नाम पर मिले थे। इन तीनों मामलों की जांच के लिए करनाल में दो एसआईटी बनाई गई थी, लेकिन उनकी जांच पूरी नहीं हो सकी थी।
महिला के पक्ष में ब्राह्मण सभा आज लेगी फैसला
महिला टीचर के साथ दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग में गिरफ्तार करने के मामले में ब्राह्मण सभा एक बार सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन कर चुकी है। साथ ही पुलिस को भी चेताया था। इस बारे में ब्राह्मण सभा प्रधान सुरेंद्र बड़ौता ने बताया कि वे इस मामले में बुधवार को समाज के लोगों के साथ बैठक करेंगे और आगामी रणनीति तैयार करेंगे। समाज के लोगों की राय के बाद ही आगामी फैसला लिया जाएगा। अगर महिला को न्याय नहीं मिला तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
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