। एफसीआई के खरीद न करने के कारण पाई अनाज मंडी में लगभग सप्ताह बाद भी धान की सरकारी खरीद शुरू नहीं हो सकी। इस कारण से किसानों को अपनी खेतों में खड़ी फसल की रखवाली करने की बजाय मंडी में बैठकर इंतजार करना पड़ रहा है। मंडी प्रधान रणधीर सिंह ने बताया कि मंडी में पिछले एक सप्ताह से किसान अपनी धान लेकर पहुंचे हैं। मंडी में एफसीआई को खरीद करनी थी, लेकिन खरीद नहीं की गई। इस बारे में एफसीआई ने चंडीगढ़ खाद्य एवं आपूर्ति निदेशक को खरीद बदलने के लिए पत्र लिखा था। एफसीआई के अधिकारियों ने बताया कि अब पाई मंडी से उनकी खरीद बंद करके हैफेड को तबदील कर दी गई है और हैफेड ही मंडी से धान की खरीद करेगी। किसान रणधीर, संजीव, राजकुमार, जगमाल, प्रेम व सुरेश ने बताया कि इस समय उनकी फसल पककर तैयार है। मंडी में भी फसल नहीं खरीदी जा रही। हर रोज मौसम बदल रहा है। यहीं बैठे रहे तो खेतों में ही उनकी बाकी की फसल खराब हो जाएगी। मार्केट कमेटी सचिव गुलाब नैन ने बताया कि यहां पहले एफसीआई को खरीद करनी थी, लेकिन अब हैफेड को खरीद करनी है। इस एजेंसी के डीएम से बात की गई है। जल्द ही खरीद शुरू हो जाएगी।