कैथल। महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय एवं भारत संस्कृत परिषद् (संस्कृत आयाम, विश्व हिन्दू परिषद्) के संयुक्त तत्वावधान में 17 से 30 मार्च तक संस्कृत भाषा कौशल संवर्धन प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जाएगा। शिविर का उद्घाटन 17 मार्च को सुबह 11:30 बजे विश्वविद्यालय के टीक परिसर स्थित सभागार में होगा।
शिविर में विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति, अनुशासन, प्रशिक्षण गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता तथा परियोजना कार्य के आधार पर मूल्यांकन किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में संस्कृत भाषा के प्रति रुचि विकसित करना, भाषा कौशल को सुदृढ़ बनाना और उन्हें व्यावहारिक स्तर पर संस्कृत के प्रयोग के लिए प्रेरित करना है। प्रशिक्षण शिविर में संस्कृत वार्तालाप, शुद्ध उच्चारण, लेखन कौशल, भाषण कला, प्रस्तुतीकरण शैली तथा अध्यापन पद्धतियों से संबंधित विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे। सहभागिता के लिए पूर्व पंजीकरण अनिवार्य है। शिविर में विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. राजेंद्र कुमार अनायत, विश्व हिन्दू परिषद् के संस्कृत आयाम प्रमुख प्रो. देवी प्रसाद त्रिपाठी भी मौजूद रहेंगे। संवाद