सीवन। सेवानिवृत्त कर्मचारी पेंशनर्स एसोसिएशन ब्लॉक सीवन की मासिक बैठक में कोरोना काल के दौरान रोके गए 18 माह के बकाया भुगतान का मुद्दा प्रमुखता से उठा। मास्टर रामनाथ चुटानी की अध्यक्षता में हुई बैठक में सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने सरकार से लंबित भुगतान जारी करने और पेंशन भोगियों की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान करने की मांग की।
बैठक का संचालन बाबूराम गुप्ता ने किया। सेवानिवृत्त कर्मचारी नेता पटवारी दिलबाग सिंह और पूर्ण सिंह ने कहा कि कर्मचारियों ने अपने जीवन के कई वर्ष सरकारी विभागों में सेवाएं देते हुए बिताए हैं। ऐसे में सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें अपने अधिकारों के लिए परेशान नहीं होना चाहिए। बुजुर्ग कर्मचारियों को इस उम्र में आर्थिक सुरक्षा और सम्मान की जरूरत होती है। इसलिए पेंशन और अन्य देय लाभों से जुड़े मामलों का समय पर निपटारा करना सरकार और संबंधित विभागों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि कोरोना काल के दौरान रोके गए 18 माह के बकाया भुगतान को जारी करने की मांग पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। महंगाई के दौर में दवाइयों, घरेलू खर्च और अन्य जरूरी जरूरतों को पूरा करना पेंशन भोगियों के लिए चुनौती बन रहा है। कई परिवारों की आजीविका पेंशन पर निर्भर है। ऐसे में लंबित भुगतान में देरी से उनकी परेशानियां बढ़ती हैं।
एकजुट होकर उठाएं जायज मांगे
दिलबाग सिंह और पूर्ण सिंह ने कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों की एकजुटता ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है। संगठन के माध्यम से अपनी जायज मांगों को उचित मंच तक पहुंचाना चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि बुजुर्ग कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि उन्हें वास्तविक राहत भी मिलनी चाहिए।
नवंबर में जमा करवाएं जीवन प्रमाणपत्र
बैठक में लक्ष्मण कामरा ने जीवन प्रमाणपत्र जमा करवाने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। उन्होंने सभी सेवानिवृत्त कर्मचारियों से नवंबर माह में संबंधित कार्यालय में अपना जीवन प्रमाणपत्र जमा करवाने की अपील की, ताकि उनकी पेंशन निर्बाध रूप से जारी रह सके। उन्होंने बताया कि 80 वर्ष या इससे अधिक आयु के पेंशनभोगी अक्तूबर माह में भी जीवन प्रमाणपत्र जमा करवा सकते हैं।
बाबूराम गुप्ता ने भी 18 माह के बकाया भुगतान की मांग का समर्थन किया और कहा कि पेंशनभोगियों से जुड़े लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निपटारा किया जाना चाहिए। बैठक में सदस्यों ने विभिन्न समस्याएं रखीं और उनके समाधान की मांग की। इस अवसर पर पूर्ण सैनी, राजविंदर, कुलदीप चीमा, मुकेश आनंद, शीशपाल, किरण मिड्डा, परमेश्वरी देवी, आशा रानी, विमला देवी सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।