सोमवार को दिन भर हुई हल्की तो कभी तेज बारिश ने किसानों को निहाल कर दिया है। रविवार रात से ही हल्की बूंदाबांदी जारी रही। सुबह आठ बजे से लेकर करीब 10 बजे तक बारिश रुकी रही। इसके बाद दोपहर तक जमकर बारिश हुई। औसतन 34 एमएम बारिश दर्ज की गई, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है। हालांकि अभी भी जिले में सामान्य से 46 प्रतिशत कम बरसात हुई है।
सोमवार सुबह जब लोग उठे तो बूंदों ने उनका स्वागत किया। हल्की बूंदाबांदी सुबह करीब आठ बजे तक जारी रही। इसके बाद दस बजे फिर काली घटा छा गई। करीब साढ़े दस बजे तेज बारिश शुरू हो गई। अब तक छिट-पुट होती रही बारिश के इतर सोमवार को पूरे जिले में अच्छी बारिश हुई। कैथल, कलायत, राजौंद, पूंडरी सहित कई इलाकों में अच्छी बारिश की सूचनाएं हैं।
बारिश के कारण स्कूली छात्र-छात्राओं को काफी दिक्कतें हुईं। दोपहर के समय छुट्टी के बाद घर जाते समय बच्चे भीगते नजर आए। वहीं लोगों को भी अपने आवश्यक कार्यों के लिए घर से बाहर निकलने में परेशानियां हुईं।
कृषि वैज्ञानिक डा. रमेश वर्मा ने कहा कि इस समय जो बारिश हो रही है। वह फसल के लिए पूरी तरह से लाभदायक है। धान की फसल में इस बारिश से कोई नुकसान नहीं है। इससे काफी राहत मिलेगी। दूसरा बारिश अंतराल के बाद हो रही है, यह ओर भी लाभदायक हैं।
मौसम वैज्ञानिक डा. चंद्रशेखर डागर ने कहा कि अगले 24 घंटे तक बारिश की संभावनाएं हैं। इसके बाद कई दिनों तक मौसम शुष्क रहेगा। यह बारिश काफी लाभदायक साबित होगी।
आसमानी बिजली गिरने से गुलियाणा में दो भैंसे मरी
पिछले दो दिनों से जारी बारिश के बीच गांव गुलियाणा में एक पेड़ के नीचे बंधी दो भैंसे मर गई। रामफल ने बताया कि उसकी दो भैंसे बाहर बंधी हुई थी। आसमानी बिजली गिरने से दोनों भैंसे मर गई हैं। जिससे उसका भारी नुकसान हुआ है।
गुहला-चीका में तूफान से बाधित रही 18 घंटे बिजली
बरसात के कारण रविवार रात्रि गुहला में तेज तूफान के कारण लोगों को काफी परेशानियां हुईं। वहीं तूफान के चलते बिजली बाधित हो गई। लोगों ने एक बार गुहला रोड पर एकत्रित होकर कुछ देर के लिए जाम भी लगाया। लेकिन अपने आप जाम खोल दिया। बाद में पता चला कि बिजली आपूर्ति तूफान के कारण बाधित हुई है। रविवार रात्रि करीब दो बजे बिजली गुल हुई थी, जो दिन भर बाधित रही। बिजली न आने के कारण सोमवार को दैनिक कार्य प्रभावित हुए। वहीं बरसात के बाद हुई उमस के चलते भी लोग परेशान रहे। लोगों की बार-बार की गई मांग के बाद देर सांय करीब 7 बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो पाई। तब जाकर लोगों ने राहत की सांस ली।