फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पुलिस की कार्रवाई पर सवालिया निशान

Thu, 14 Jan 2016 12:37 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/कैथल
विज्ञापन
विज्ञापन
 
विज्ञापन


दिन भर हुए घटनाक्रम के बीच पुलिस की कार्रवाई पर सवालिया निशान भी लग रहा है। जब शाम को पुलिस की जांच में कीकू को क्लीन चिट मिल गई तो पहले पुलिस ने बिना जांच पूरी किए उन्हें कोर्ट में पेश ही क्यों किया था? कुल मिलाकर पुलिस की कार्रवाई के कारण कैथल पुलिस की काफी किरकिरी भी हुई है।

पुलिस यदि जांच पूरी करके अगली कार्रवाई करती तो शायद कीकू को जेल में 6 घंटे नहीं बीताने पड़ते। यह बात अलग है कि एसपी कृष्ण मुरारी ने बुधवार को ही डीएसपी स्तर के अधिकारी से मामले की जांच करवाई। जिसमें कीकू के खिलाफ कोई बड़ा सुबूत नहीं पाया गया। जिस पर उन्हें रिहा कर दिया गया।
विज्ञापन


न्यायालय से निजी मुचलके पर मिली रिहाई के बाद कीकू का मामला फतेहाबाद कोर्ट द्वारा जारी किए गए प्रोडक्शन वारंट को लेकर लटक गया। कैथल पुलिस पहले फतेहाबाद पुलिस के इंतजार करती रही। इसके बाद रात्रि करीब 9 बजे पुलिस उन्हें लेकर फतेहाबाद के लिए रवाना हो गई।

दिन में पहले पुलिस जांच, फिर न्यायालय में पेशी के बाद जेल में जाने के बाद देर सांय कीकू जेल से रिहा हो गए। लेकिन इसी बीच फतेहाबाद पुलिस द्वारा जारी करवाए गए प्रोडक्शन वारंट के कारण उन्हें छोड़ा नहीं गया। पुलिस ने उन्हें सेक्टर 21 स्थित थाने में रखा। जहां वे पुलिस कर्मियों के साथ हंसी-मजाक करते रहे। बाद में रात्रि करीब 9 बजे कैथल पुलिस उन्हें लेकर फतेहाबाद रवाना हो गई।
विज्ञापन


एसपी कृष्ण मुरारी ने कहा कि पहले कैथल पुलिस की क्लीनचिट के बाद न्यायालय से निजी मुचलके उपरांत उन्हें रिहा कर दिया गया। लेकिन फतेहाबाद न्यायालय से जारी हुए प्रोडक्शन वारंट के चलते उन्हें छोड़ने से पहले फतेहाबाद पुलिस के हवाले किया जाना है। इसीलिए उन्हें फतेहाबाद छोड़ने के लिए पुलिस की टीम रवाना कर दी गई है। अब जब डेरा मुखी ने ही उन्हें माफ कर दिया है तो संभवत: यह मामला खत्म हुआ ही माना जा रहा है।


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें