संवाद न्यूज एजेंसी
कसान। गांव प्यौदा से तितरम तक जाने वाली सड़क की हालत दिन-ब-दिन बदतर होती जा रही है। हिसार–चंडीगढ़ नेशनल हाईवे से जुड़ा यह महत्वपूर्ण मार्ग जगह-जगह से टूट चुका है। गड्ढों से भरी इस सड़क पर सफर करना अब जोखिम भरा हो गया है।
ग्रामीणों के अनुसार, प्रतिदिन सैकड़ों लोग इस मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन प्रशासन की अनदेखी के चलते सड़क की मरम्मत नहीं करवाई जा रही। विशेषकर तितरम गांव की ओर यह सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है, जिससे वाहनों के खराब होने की घटनाएं बढ़ रही हैं और हादसों का खतरा लगातार बना हुआ है।
इस मार्ग से स्कूल बसें, एंबुलेंस और किसानों की ट्रैक्टर-ट्रॉलियां भी गुजरती हैं, जिससे समस्या और गंभीर हो जाती है। खराब सड़क के कारण न केवल समय की बर्बादी हो रही है, बल्कि ईंधन की खपत भी बढ़ रही है।
तितरम निवासी केरा सिंह ने बताया कि जब यह सड़क नेशनल हाईवे से जुड़ी हुई है, तो इसकी मरम्मत की अनदेखी समझ से परे है। उन्होंने संबंधित विभाग से जल्द निरीक्षण कर स्थायी समाधान की मांग की है। वहीं, ग्रामीण जगदीश ने कहा कि चुनाव के दौरान किए गए वादे अब तक केवल कागजों में ही सीमित हैं।
स्थानीय ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो ग्रामीणों को मजबूरन विरोध प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ेगा।