कैथल। अब नए शिक्षा सत्र में गांव लदाना चक्कू व कलायत के राजकीय कॉलेज में विद्यार्थी अतिरिक्त विषयों की शिक्षा ग्रहण कर सकेंगे। उच्चतर शिक्षा विभाग ने गांव लदाना चक्कू के राजकीय कॉलेज में बीए में 20 सीटों पर पंजाबी को वैकल्पिक विषय के रूप में लेने की विद्यार्थियों को अनुमति दी है। वहीं, कलायत के कॉलेज में एम. कॉम की अतिरिक्त सीटें निर्धारित की हैं, जिससे कॉलेज पीजी बन गया है।
गौरतलब है कि गांव लदाना चक्कू पंजाब के साथ सटा है। ऐसे में पंजाबी बेल्ट का क्षेत्र होने के कारण विद्यार्थी और आसपास के गांवों के लोग कॉलेज में बीकॉम में पंजाबी विषय की मांग कर रहे थे। दो वर्ष पहले शुरू हुए इस कॉलेज में पंजाबी विषय शुरू नहीं हो सका था। कॉलेज प्रबंधन व विद्यार्थियों की मांग को देखते हुए गुहला के विधायक ईश्वर सिंह ने भी विभाग के अधिकारियों व मुख्यमंत्री से पत्राचार किया।
अब नया विषय शुरू होने से आसपास के विद्यार्थियों को काफी फायदा मिलेगा। यही नहीं, पंजाबी विषय शुरू होने से कॉलेज में अतिरिक्त सीटें बढ़ने की भी प्रबंधन ने उम्मीद जताई है। अब लदाना चक्कू के कॉलेज में बीए की 98 में से 20 सीटों पर विद्यार्थी हिंदी व अंग्रेजी के साथ अब पंजाबी को भी विकल्प के रूप में ले सकेंगे।
दूसरी ओर कलायत में स्नातक की 888 सीटें बीए व बीकॉम की हैं। अब विभाग ने 30 सीटें एम कॉम के लिए निर्धारित की हैं। इसी सत्र से इसकी पढ़ाई शुरू हो जाएगी। प्रबंधन ने इस संबंध में तैयारी शुरू कर दी हैं। एम कॉम की पीजी कक्षाएं शुरू होने से बेटियों को पढ़ाई के लिए दूर-दराज के क्षेत्र में नहीं जाना पड़ेगा। जिला कैथल के राजकीय महाविद्यालयों के नोडल अधिकारी व कलायत कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. राजेश सैनी ने बताया कि दोनों कॉलेजों में मिली अतिरिक्त सुविधाओं का लाभ विद्यार्थियों को दिया जाएगा। इसके लिए विभाग ने प्रक्रिया शुरू की है। इसी सत्र से विद्यार्थियों को ये सुविधाएं उपलब्ध होंगी।