कैथल। जिला प्रशासन ने सरकारी भवनों में निर्माण के लिए ईंटों व टाइलों के दाम निर्धारित कर दिए हैं। अब सरकारी भवनों के निर्माण में प्रयोग होने वाली ईंटें व टाइलें छह प्रतिशत जीएसटी सहित 5500 रुपये होगी। इससे पहले यह महज पांच हजार रुपये थी। यह दाम प्रथम श्रेणी की ईंटों व टाइलों की हैं।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के कार्यालय की तरफ से यह दाम निर्धारित किया गया है। इसके लिए जिले के सभी विभागों व भट्ठा एसोसिएशन को निर्देश जारी किए हैं। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के कार्यालय की तरफ से जारी किए गए पत्र में दाम निर्धारित करने के साथ घटिया ईंटों की सामग्री भेजने पर विभागीय कार्रवाई भी करने की बात की गई है।
गौरतलब है कि भट्टा एसोसिएशन को सरकार की तरफ से जो वर्क आर्डर मिलते हैं। उसमें तो प्रथम श्रेणी की ईंटों को भेजा जाता है, लेकिन कई बार ठेकेदार लापरवाही करते हुए घटिया सामग्री का प्रयोग करते हैं।
जिला भट्ठा एसोसिएशन के प्रधान रामप्रसाद बंसल ने कहा कि उनकी दाम बढ़ाने की लंबी मांग थी। इस मांग को जिला प्रशासन ने करीब चार साल बाद पूरा किया है। इसमें 500 रुपये का इजाफा किया गया है। पहले पांच हजार रुपये प्रति हजार ईंटें व टाइलें मिलती थी, लेकिन यह रकम बढ़ाकर 5500 रुपये कर दी गई है।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के जिला अधिकारी निशांत राठी ने बताया कि उन्होंने ईंटों व टाइलों के दाम जिला प्रशासन के आदेशों पर निर्धारित किए हैं। यदि कोई घटिया सामग्री देता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।