कैथल। शहर में इस समय त्योहारी माहौल है, लेकिन रात के समय सड़कों और गलियों में अंधेरा पसरा हुआ है। जगह-जगह स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हैं, जिससे नागरिकों में भय और नाराजगी दोनों का माहौल है। दीपावली, धनतेरस और छठ पूजा जैसे प्रमुख त्यौहारों में अब कुछ ही दिन शेष हैं, मगर नगर परिषद की लापरवाही के चलते शहर की ‘बत्ती गुल’ स्थिति जस की तस बनी हुई है।
शाम ढलते ही प्रमुख सड़कों और गलियों से गुजरना मुश्किल हो जाता है। कई इलाकों में स्ट्रीट लाइटें खराब हैं, जबकि कुछ स्थानों पर लाइटें लगी ही नहीं हैं। जो लाइटें जल भी रही हैं, वे बहुत मंद रोशनी दे रही हैं। इससे रात के समय दुर्घटनाओं, चोरी और स्नैचिंग की घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है।
मरम्मत कार्य अब तक अधर में
नगर परिषद को सरकार की ओर से शहर की मुख्य सड़कों और कॉलोनियों में खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत के लिए 40 लाख रुपये की निविदा मंजूर की गई थी। निविदा प्रक्रिया पूरी होने के बाद मरम्मत कार्य शीघ्र शुरू किया जाना था, लेकिन अब तक यह प्रक्रिया सिरे नहीं चढ़ पाई है।
खासकर चीका बाईपास और खनौरी रोड जैसे मार्गों पर हालात बेहद खराब हैं। इन इलाकों में शाम होते ही लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो जाता है। नागरिकों का कहना है कि नगर परिषद को दीपावली से पहले मुख्य सड़कों पर प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए ताकि ‘दीपों का त्योहार’ सच में रोशनी से जगमगा सके। नगर परिषद के अफसरों का कहना है कि शहर की खराब स्ट्रीट लाइटों को जल्द ही दुरुस्त किया जाएगा। नई लाइटों की व्यवस्था भी की जा रही है ताकि लोगों को रात के समय सुरक्षित और सुगम आवागमन मिल सके। संवाद