कबूतर चौक पर शनिवार सुबह उस समय हंगामा हो गया, जब एक स्कूटी सवार युवक को चैकिंग के लिए रुकवाते समय दो पुलिस कर्मचारियों ने थप्पड़ जड़ दिए। मौके पर एकत्रित हुए दुकानदारों ने जमकर रोष प्रकट किया और पुलिस कर्मचारियों के साथ खूब गर्मागर्मी हुई। बाद में एसएचओ अमित कुमार मौके पर पहुंचे और बातचीत से मामला निपट गया। लोगों में पुलिस कर्मियों के इस तरह के व्यवहार से काफी रोष दिखा।
घटनाक्रम के अनुसार कबूतर चौक पर एक स्कूटी सवार युवक को जांच के लिए रुकवाने का प्रयास किया। लेकिन एक पुलिस कर्मचारी के पास युवक ने स्कूटी नहीं रोकी। इसी बीच आगे खड़े पुलिस कर्मचारी ने उसे रुकवाया और पीछे से आ रहे पुलिस कर्मचारी व उसे रुकवाने वाले पुलिस कर्मचारी, दोनों ने उस युवक को थप्पड़ मार दिए। इस घटना के बाद काफी संख्या में दुकानदार व राहगीर एकत्रित हो गए और जमकर रोष प्रकट किया।
सिकंदर लाल गुप्ता ने कहा कि पुलिस कर्मचारी जांच करें, रोकें, लेकिन यदि डर के मारे कोई हादसे हो जाए तो उसका जिम्मेवार कौन होगा? पुलिस कर्मचारियों ने इस बच्चे के साथ मारपीट की। जो गलत है। बताया जा रहा है कि इस युवक के पास मेडिकल भी है कि वह सिर पर हेलमेट नहीं लगा सकता। मौके पर ही एक अन्य व्यक्ति ने कहा कि उसके सामने थप्पड़ मारे हैं। इसी प्रकार से युवक के पिता ने कहा कि जांच करें, कोई बात नहीं। लेकिन थप्पड़ मरने का हक नहीं है।
वहीं संबंधित पुलिस कर्मचारी ने कहा कि होमगार्ड का जवान करीब-करीब घिसटते हुए स्कूटी के साथ आ रहा था। जिस कारण उसने रुकवाया। थप्पड़ मारने जैसी कोई बात नहीं है।
यह बात अलग है कि थप्पड़ मारने की पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में रिकॉड़ॱर हो गई। जिसमें पुलिस कर्मचारी युवक को थप्पड़ मारते हुए दिख रहे हैं।
एसएचओ अमित कुमार ने कहा कि युवक को थप्पड़ मारे जाने की सूचना पर वे यहां पहुंचे हैं। मामला बातचीत से निपट गया है।