संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। मकान से सोने के गहने और नकदी चोरी करने के मामले में पुलिस ने दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें पहचान नरवाना निवासी मंदीप उर्फ मैंडी व मुक्तसर पंजाब निवासी सुखमेंद्र हैं, जिन्हें नरवाना से पकड़ा गया है। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे छह दिन के रिमांड पर पुलिस ने लिया है।
एसपी उपासना ने अपने कार्यालय में प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि आरोपी घटना में प्रयोग अपनी स्विफ्ट गाड़ी पर फर्जी नंबर प्लेट लगा देते थे ताकि कहीं सीसीटीवी फुटेज में नंबर आने पर पुलिस गलत नंबर की गाड़ी के पीछे भागे। घटना के समय एक आरोपी गाड़ी में रहता व अन्य मकान का ताला तोडक़र मकान के अंदर घुसते थे।
घटना के समय आरोपी अपने पास देसी पिस्तौल भी रखते थे ताकि जरूरत पड़ने पर इसका प्रयोग किया जा सके। कोर्ट की फर्जी स्टैंपों का प्रयोग फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी बनाने में किया जाता था, ताकि फर्जी नंबर प्लेट व फर्जी आरसी वाली गाड़ी की पुलिस चेकिंग के दौरान इसका प्रयोग किया जा सके। आरोपी अक्सर पॉश क्षेत्र में उन मकानों को टारगेट करते थे, जिन पर बाहर ताला लगा दिखाई पड़े। घर पर लगे तालों को तोडऩे में आरोपी काफी अभ्यस्त हैं जिसके लिए उन्होंने अलग से लोहे की रॉड तैयार करवाई हैं।
एसपी उपासना ने बताया कि सेक्टर 19 निवासी हरदीप की शिकायत के अनुसार आठ मार्च की दोपहर जब वह अपने परिवार सहित शिव मंदिर में गया हुआ था। करीब आधे घंटे बाद घर वापस आए तो मेन गेट का ताला खुला हुआ था, घर से अज्ञात व्यक्तियों ने 15 तोले सोना, 2.5 लाख रुपये नकदी व उसकी पत्नी का पर्स चुरा ले गए थे। इस बारे में थाना सिविल लाइन में मामला दर्ज था।
एसपी ने बताया कि मामले की जांच स्पेशल डिटेक्टिव यूनिट को सौंपकर आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी के आदेश दिए गए थे। आदेशों पर खरा उतरते हुए पुलिस की टीम ने शुक्रवार को नरवाना से आरोपी मंदीप उर्फ मैंडी व सुखमेंद्र को काबू कर लिया। एसपी ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से एक गाडी स्विफ्ट डिजायर, दो तोले सोना, काफी मात्रा में अलग-अलग राज्यों से जारी गाडिय़ों की नंबर प्लेट व फर्जी आरसी व मुक्तसर पंजाब कोर्ट की कई फर्जी स्टैंप बरामद की हैं।
एसपी ने बताया कि आरोपियों के अतिरिक्त उपरोक्त घटना क्रम को अंजाम देने वाला इनके एक सह आरोपी की गिरफ्तारी अभी बाकी है। सुखमेंद्र तीनों में मुख्य आरोपी है जो घटना का मास्टरमाइड है। वह पूर्व में कई मामलों में हरियाणा, पंजाब व राजस्थान की विभिन्न जेलों में बंद रहा है।