पंचायत चुनाव में सरकार द्वारा निर्धारित बिजली बिलों की अदायगी एवं ऋण अदायगी में डिफाल्टर न होने की शर्त के चलते बिजली निगम और बैंकों को भारी आय होने की उम्मीद है। दोनों ही विभागों में सोमवार को अनापत्ति प्रमाण पत्र लेने वालों की भीड़ उमड़ी हुई थी। बिजली निगम में जहां बिजली बिलों में डिफाल्टर न होने का प्रमाणपत्र जारी किया जा रहा है वहीं बैंकों में नो ड्यूज प्रमाणपत्र जारी किए जा रहे हैं।
पहले चरण में कैथल में कैथल एवं गुहला ब्लॉक में पंचायत चुनाव होना है। कैथल ब्लॉक का ग्रामीण एरिया सब अर्बन सब डिविजन नंबर-2 के तहत आता है जिसमें नो ड्यूज के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी रही। यहां पुराने बिजली बिलों के डिफाल्टर भी अपने बिल भरने के लिए आ रहे हैं।
बिजली घर में आए गांव सिसमर के बीए पास रामकुमार ने बताया कि सरकार ने जो शर्त निर्धारित कर दी है, उसमें शैक्षणिक तौर पर वे खरा उतरते हैं। यहां से बिजली बिलों को लेकर नो ड्यूज लिया जा रहा है।
सहारण निवासी सुरेश कुमार ने बताया कि वह दसवीं पास है। इस बार चुनाव लड़ने का अवसर मिला है। नो ड्यूज के लिए आवश्यक कार्रवाई निपटा रहे हैं। प्यौदा से प्रवीण कुमार, लाभ सिंह कठवाड़ भी अनापत्ति प्रमाण पत्र के लिए आए हुए थे।
एसडीओ प्रदीप कुमार ने बताया कि तीन-चार दिन में 60 से ज्यादा अनापत्ति प्रमाणपत्र जारी किए हैं। लोग अभी भी आ रहे हैं। बिजली बिलों का भी भुगतान हो रहा है।
उधर, जींद रोड स्थित लैंड मोरगेज बैंक में जहां कुछ ही लोग सामान्य दिनों में आते-जाते हैं वहां अब लोगों की भीड़ उमड़ी हुई है। सोमवार को बैंक के सभी काउंटरों पर लोगों की भीड़ जमा थी। जो बैंक से अनापत्ति प्रमाणपत्र लेने के लिए आए हुए थे।
कई उम्मीदवारों को तो चुनाव लड़ने के लिए अपने बाप-दादा के ऋण की भी अदायगी करनी पड़ रही है। बैंक मैनेजर वेदपाल ने बताया कि बैंक का 31 करोड़ रुपये से अधिक का लोगों की ओर से बकाया है। अक्तूबर में करीब 20 लाख रुपये जमा हुए थे। इस बार भी उम्मीद है कुछ कर्ज लौट आएगा। कैथल एवं गुहला ब्लॉक के लिए 23 दिसंबर से नामांकन होना है। यहां चुनाव की तिथि 10 जनवरी निर्धारित की गई है।