कैथल। भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) गुट की जिला स्तरीय बैठक मंगलवार को हनुमान वाटिका में हुई। इसमें दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना दे रही महिला खिलाड़ियों को समर्थन देने पर चर्चा की। तय किया गया कि जींद के खटकड़ टोल प्लाजा पर 25 मई को पंचायत होगी। इस मौके पर पूर्व गवर्नर सत्यपाल मलिक को हिरासत में लिए जाने की भी निंदा की गई।
बैठक में यूनियन के अध्यक्ष सरदार गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने मुख्य वक्ता के रूप में शिरकत की। बैठक के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और एसडीएम संजय धत्तरवाल को खिलाड़ियों के समर्थन में ज्ञापन भी सौंपा। भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने कहा कि दिल्ली में महिला पहलवानों के धरने को पूरे 24 दिन हो गए हैं। इसके बावजूद उनकी कोई बात नहीं सुनी जा रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महिला पहलवानों ने देश का परचम लहराया है, लेकिन वह आज अपने साथ हुए अन्याय को लेकर न्याय मांगने के लिए प्रदर्शन कर रही हैं। उन्हें एफआईआर तक दर्ज करवाने के लिए सुप्रीम कोर्ट जाना पड़ा है। उनके प्रति पुलिस और प्रशासन का रवैया उदासीन दिखता है। आरोपी अभी भी सरेआम कानून की गिरफ्तार से बाहर है।
चढ़ूनी ने कहा कि देश के सम्मानित पदों पर रह चुके पूर्व गवर्नर सत्यपाल मलिक को हिरासत में लिया। वे इसकी भी पुरजोर निंदा व्यक्त करते हैं। दिल्ली में पूर्व गवर्नर सत्यपाल मलिक ने पहले से निर्धारित किसान नेताओं और खाप प्रतिनिधियों के साथ बैठक तय की थी। पुलिस ने जिस तरीके से सत्यपाल मलिक व किसान नेताओं सहित अन्य खाप प्रतिनिधियों को हिरासत में लिया। वह बेहद शर्मनाक था।
चढूनी ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार ने फिर से ऐसी कोशिश की तो सत्यपाल मलिक के किसी भी प्रकार से पीछे नहीं हटेंगे। पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक को दो घंटे पुलिस थाने में रखकर लोकतंत्र को भारत से खत्म करने का संकेत दिया है। बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष महावीर चहल नरड़ ने की। जबकि मंच संचालन युवा प्रदेशाध्यक्ष विक्रम कसाना एडवोकेट ने किया। बैठक मे गुरनाम सिंह फरल, केवल सिंह सिद्ध, चमकौर सिंह, सुभाष भागल, जसवंत सधू, नरेंद्र मागो माजरी, कृष्ण मालखेड़ी, जैली चीका, रणधीर बरसाना, पिरथी कौल, विक्रम दुसैण, बलकार मलिक, भीम खनौदा, किंद्र चीका, नरेंद्र फरल, वकील, जोगिंद्र कैलरम, राम पाल मूंदड़ी मौजूद रहे।