पूंडरी। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र फरल के तहत आने वाले सभी गांवों के 16 टीबी मरीजों को गोद लेते हुए उन्हें पोषण किट वितरित की। स्वास्थ्य सुपरवाइजर मुख्त्यार सिंह ने कहा कि टीबी का इलाज प्रत्येक स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध है और छह महीने के इलाज के बाद इस बीमारी को जड़ से खत्म किया जा सकता है।
यदि किसी को इस बीमारी के लक्षण दिखे तो वो नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर अपना इलाज शुरू करवाएं, सरकार की ओर से पूरा इलाज निशुल्क किया जाता है। उन्होंने बताया कि उनके आग्रह पर निष्काम सिख फाउंडेशन रजि. पूंडरी द्वारा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र फरल के तहत आने वाले गांव फरल, खनौदा, म्योली, संगरोली, जांबा व मोहना के 16 टीबी मरीजों को गोद लेते हुए उन्हें पोषण किट वितरित की गई।
उन्होंने अन्य समाजसेवी संगठनों से भी अपील की कि वे भी इस तरह मरीजों को गोद लेना चाहे तो ले सकते है। उधर, निष्काम सिख फाउंडेशन के अध्यक्ष गुलाब सिंह ने बताया कि उनकी संस्था इस तरह के सामाजिक कार्यों में हमेशा अग्रणी रहती है और इस अभियान के जुडक़र वे प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान में सहयोग देते रहेंगे। संवाद