सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चरमराई व्यवस्था के चलते लोगों में बढ़ रहे रोष को ध्यान में रखते जिला सिविल सर्जन डॉ. वंदना भाटिया ने सीएचसी का औचक निरीक्षण किया। सिविल सर्जन ने सीएचसी के हर कमरे व वार्ड का बारीकी से निरीक्षण करने के साथ-साथ कर्मचारियों से कई सवाल भी पूछे। निरीक्षण के दौरान जहां उन्होंने सफाई व्यवस्था पर पूरी तरह असंतुष्टि जाहिर करते हुए कर्मचारियों को कड़ी फटकार लगाई।
निरीक्षण के दौरान सीएमओ डॉ. वंदना भाटिया ने न केवल मरीजों व बल्कि उनके साथ आए परिवार के सदस्यों से भी मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली। मौके पर मरीजों ने सीएमओ को चिकित्सक सुविधा उपलब्ध न होने की शिकायत की। लोगों का कहना था कि न केवल सीएचसी में चिकित्सकों की भारी कमी है। इसके अलावा बिजली पानी की समुचित सुविधा भी उपलब्ध नहीं है। सीएमओ ने लोगों को जल्दी ही स्वास्थ्य सेवाएं दुरुस्त करने का आश्वासन दिया।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान सिविल सर्जन डॉ. वंदना भाटिया ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भवन जिस प्रकार की जर्जर हालत में है उसमें बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने का माहौल ही नहीं बन पाता। उन्होंने कहा कि भवन को सही करवाने तथा और चिकित्सकों व स्टाफ को तैनात किए जाने के लिए प्रशासनिक व विभागीय उच्चाधिकारियों से आग्रह किया जाएगा।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर करने के लिए रोस्टर प्रणाली में बदलाव कर दिया गया है। सिविल सर्जन ने कहा कि मुख्य भवन में कुछ कार्यालय ऐसे बने हुए हैं जिन्हें पुराने कार्यालय में तबदील किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि इन कार्यालयों के यहां होने से चिकित्सकों को न केवल मरीजों का इलाज करने में परेशानी आ रही है बल्कि कम स्थान होने के कारण मरीजों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रयोगशाला सहित जांच के लिए बनाए कुछ स्थानों को बदलने के निर्देश भी दिए जा रहे हैं । ताकि स्वास्थ्य केंद्र में आने के पश्चात मरीज किसी भी प्रकार से तंग न हो।