प्रदेश के सभी शहरों में बसी अवैध कॉलोनियों के लोगों के लिए खुशी की खबर है। सरकार ने इन कॉलोनियों के लोगों को स्वच्छ पानी मुहैया करवाने के लिए आदेश जारी कर दिए हैं। सभी नगर निकायों, नगर परिषदों एवं नगर पालिकाओं को आदेश जारी करते हुए सरकार ने पीने के स्वच्छ पानी को जीवन के अधिकार का हिस्सा बताते हुए यहां वाटर टैंकों, नलों के माध्यम से पानी मुहैया करवाने का आदेश दिया है। इस फैसले से पूरे प्रदेश में लाखों की आबादी को पीने का पानी मिल सकेगा।
प्रदेश भर में हर शहर में सैकड़ों की संख्या में अवैध कॉलोनियां हैं, जहां पीने के पानी के लिए कई-कई किलोमीटर तक भटकना पड़ता है। कैथल में 20 कॉलोनियां अवैध हैं। अर्बन लोकल बॉडीज विभाग के माध्यम से सरकार ने अपने पत्र में कहा है कि स्वच्छ पानी का अधिकार जीवन के अधिकार का हिस्सा है।
इसीलिए यह फैसला लिया गया है कि कॉलोनियों का प्रकार देखे बिना सभी जगह स्टेंड पोस्ट या फिर टैंकों के माध्यम से पीने का पानी उपलब्ध करवाया जाए। साथ ही वहां पर पानी की निकासी की भी व्यवस्था की जाए। इसके लिए सभी नगर निकायों, नगर परिषदों व नगर पालिकाओं को आदेश जारी किया गया है।
पूरे प्रदेश में इस फैसले से लाखों लोगों को लाभ मिलेगा। हर शहर में 50 से लेकर 100 तक भी अवैध कॉलोनियां हैं। जहां लोग पीने के पानी के लिए तरसते हैं। जिले में 20 अवैध कॉलोनियां बची हैं जहां अभी तक भी लोगों को पीने के पानी के लिए ट्यूबवेलों व कई अन्य जगहों से पानी लेकर आना पड़ता है।
जिले में 20 अवैध कॉलोनियां हैं। जहां लोगों को पीने के पानी की सुविधा मुहैया करवाने के आदेश हुए हैं। इन कॉलोनियों में जैसे भी संभव होगा पीने का पानी दिया जाएगा। चाहे पाइप लाइन बिछवाई जाए या फिर टैंकों के माध्यम से सभी प्रकार की सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी।
एसके गोयल, ईओ, नगर परिषद कैथल।