संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। अनाज मंडी चीका में गेहूं उठान व भंडारण स्थल पर नमी के नाम पर लिए जाने वाले नजराने के मुद्दे पर जांच कमेटी ने वीरवार को तीसरी बार आढ़तियों व मंडी एसोसिएशन के सदस्यों के बयान लिए। एसडीएम गुहला के आदेशों पर नायब तहसीलदार सुरेश मलिक मार्केट कमेटी कार्यालय पहुंचे थे। मंडी एसोसिएशन के प्रधान जयपाल गर्ग व अन्य सदस्यों ने एक बार फिर से जांच अधिकारी नायब तहसीलदार के समक्ष आढ़तियों से आठ से नौ रुपये प्रति कट्टा नजराना लेकर गेहूं उठान के बयान दर्ज करवाए।
नाराज आढ़तियों ने जांच अधिकारी को बताया कि भंडारण स्थल पर हैफेड एजेंसी के अधिकारी तथा कर्मचारियों ने गेहूं में नमी बताकर या तो गेहूं के कट्टे लिए या फिर रिश्वत ली गई है। आढ़ती सतीश कुमार, राजेश कुमार, शिव कुमार, रामलाल, स्वर्णजीत, ज्ञान चंद, रणजीत सिंह, मोहन लाल ने बताया कि कुछ आढ़ती ऐसे भी हैं जिनका मात्र 10 प्रतिशत ही गेहूं का उठान हुआ है और ऐसे हैं जिन्होंने आठ से नौ रुपये प्रति कट्टा नजराना देकर गेहूं का उठान करवाया है।
आढ़तियों ने बताया कि जिन्होंने पैसे नहीं दिए उनका अभी भी मंडियों में पड़ा है। गेहूं ना उठाए जाने से भुगतान नहीं हो रहा जिससे किसान व आढ़ती दोनों परेशान है। आढ़तियों ने जांच अधिकारी के समक्ष हैफेड प्रबंधक पर दुर्व्यवहार करने के आरोप भी लगाए। जांच अधिकारी ने संबंधित एजेंसी के अधिकारी तथा कर्मचारियों के भी बयान कलमबद्ध किए।
गेहूं उठाने के नाम पर रिश्वत मांगने के आरोपों की जांच करने आए नायब तहसीलदार सुरेश मलिक के समक्ष अपने बयान कलमबंद करवाने के बाद मंडी प्रधान जयपाल गर्ग ने जांच पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस प्रकार की जांच पहले भी दो बार हो चुकी है, लेकिन किसी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। गर्ग ने कहा कि यदि अधिकारियों ने जांच को इसी प्रकार से रद्दी की टोकरी में फेंकना है तो ऐसी जांच का कोई लाभ ही नहीं है।
आढ़तियों ने नायब तहसीलदार के समक्ष अपने बयान कलमबद्ध करवाने के बाद कहा कि गेहूं उठान व उतरवाने के नाम पर नमी बताकर लिया जाने वाला नजराने की तीन अलग अलग अधिकारियों ने जांच की है लेकिन एक भी जांच पर कार्रवाई नहीं हुई। आढ़तियों ने बताया कि हैफेड के अधिकारियों द्वारा आढ़तियों पर उनके पक्ष में बयान देने का दबाव बनाया जा रहा है। आढ़तियों ने कहा कि यदि अब तीसरी जांच के बाद भी उच्च अधिकारी रिश्वत लेने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करते तो वे आने वाली 14 मई को चीका मंडी में होने वाली रैली के दौरान वे अपनी शिकायत मुख्यमंत्री नायब सैनी को सौंपेंगे।
मंडी एसोसिएशन के सदस्यों व आढ़तियों के बयान कलमबंद किए गए हैं। आढ़तियों ने बताया कि उन्होंने पहले हुई जांच में भी यहीं बयान दर्ज करवाए थे। इस जांच की पूरी रिपोर्ट बनाकर एसडीएम को सौंपी जाएंगी।
-सुरेश मलिक, नायब तहसीलदार व जांच अधिकारी।