संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। मौसम में उतार चढ़ाव अब सेहत पर भारी पड़ने लगा है। डेंगू के साथ साथ फेफड़ों का संक्रमण भी बढ़ने लगा है। इसकी चपेट में ज्यादातर बच्चे और बुजुर्ग आ रहे हैं। सिविल अस्पताल में प्रतिदिन मरीजों की संख्या बढ़ रही है। चिकित्सकों का कहना है कि इस मौसम में सबसे अधिक सांस के मरीजों के सावधानी बरतने की जरूरत है।
गौरतलब है कि एक्यूआई फिर से बढ़ गया है। बुधवार को जहां यह 151 था वहीं वीरवार को यह बढ़कर 232 दर्ज किया गया। यह खराब श्रेणी में माना जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक प्रदूषण का स्तर खराब श्रेणी में हैं तब तक छोटे बच्चों व बुजुर्गों को बाहर नहीं घूमना चाहिए। यदि किसी को जाना भी पड़े तो मास्क या कपड़े से अपने चेहरे को ढक्कर निकलें। इसके बाद पानी से अपना चेहरा धोएं, ताकि प्रदूषण के कण हमारे शरीर में प्रवेश न कर सकें।
उन्होंने बताया कि यदि ऐसे कण हमारे शरीर में चले जाते हैं तो व्यक्ति के शरीर की बीमारियों से लडऩे की क्षमता कम कर देते हैं, जिसके बाद बीमार पड़ जाते हैं।
उधर, रात में सर्दी और दिन में धूप के चलते तापमान में उतार-चढ़ाव जारी है। रात को सर्दी और दिन में गर्मी का अहसास हो रहा है। यही कारण है कि लोग सर्दी को लेकर लापरवाही बरत रहे हैं। इसका असर अब सेहत पर पड़ने लगा है। मौसम बच्चों और बुजुर्गों की सेहत बिगड़ रहा है। जिन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है, वह जल्द रोगों की चपेट में आ जाते हैं। फेफड़ों में जकड़न, जुकाम, खांसी से होती है।
दरअसल, सही इलाज न मिलने पर सांस की नालियों में वैक्टीरिया का संक्रमण होता है जिससे सूजन की स्थिति आने पर लगातार खांसी आती है और बुखार आने लगता है। सर्दी, खांसी के अलावा सांस से संबंधित अस्पतालों में दवा लेने आ रहे हैं।
सिसिल अस्पताल यमुनानगर और जगाधरी में मरीजों की भीड़ लगी है। बुधवार को भी बड़ी संख्या में मरीज दवाई लेने के लिए पहुंचे थे। डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. दिव्या मंगला ने बताया कि मरीजों की भीड़ को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट किया गया है। मरीजों को उचित उपचार दिया जा रहा है। साथ ही उन्होंने कहा कि इस मौसम में सावधानी बरतना भी जरूरी है।
डेंगू के दो केस मिले, संख्या बढ़कर हुई 73
कैथल। जिले में ठंड बढ़ने से न्यूनतम तापमान भी गिरने लगा, लेकिन डेंगू के मच्छर का प्रकोप कम नहीं हो रहा है। जिले में डेंगू संक्रमित मरीजों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। वीरवार को जिले में दो और डेंगू के नए मरीज मिले हैं। इनमें से एक भाणा तो दूसरा शहर के सेक्टर 19 में मिला है। जिले में अब डेंगू संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 73 हो गई है।
उधर, वीरवार को स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने जिलेभर के 10 हजार 890 घरों व दुकानों में डेंगू के मच्छर की लार्वा की जांच की है। इस दौरान अलग-अलग टीमों को 80 जगहों पर लार्वा मिला है। अब सभी संबंधित मालिकों को नोटिस दिया व साफ-सफाई को लेकर जागरूक किया गया। दूसरी ओर 35 संदिग्ध मरीजों के सैंपल लेकर डेंगू जांच के लिए लैब में भेजे गए हैं, जिनकी रिपोर्ट शुक्रवार को आएगी। अब तक 4190 संदिग्ध मरीजों के डेंगू के सैंपल लिए गए हैं। इसके साथ ही अब तक 3824 जगहों पर डेंगू के मच्छर का लार्वा मिल चुका है। सभी को नोटिस दिए गए हैं। संवाद
वर्जन-
जिला सिविल सर्जन डॉ. रेनू चावला ने बताया कि डेंगू को लेकर स्वास्थ्य विभाग की कुल 258 टीमें गठित की गई हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर सर्वे कर रही है और लोगों को डेंगू संक्रमण से जागरूक कर रही है। विभाग की टीम लोगों में जागरूकता फैलाते हुए संदेश दे रही है कि बुखार के लक्षण मिलने पर पर कोई भी घबराए नहीं, बल्कि उसकी जांच कराएं।