संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में गेहूं खरीद के लिए मार्किट कमेटी की ओर से पूरी तैयारियां कर ली गई हैं। खरीद के लिए 51 केंद्र बनाए गए हैं। इसमें कैथल की मंडियां, कलायत, पंडूरी, ढांड, पाई, गुहला-चीका आदि केंद्रों पर गेहूं की खरीद की जाएगी। अब आढ़तियों को गेहूं की आवक का इंतजार है। शुक्रवार को चौथे दिन भी रहा गेहूं की आवक का इंतजार रहा। इस दौरान भी किसी भी अनाज मंडी में गेहूं की आवक भी नहीं हुई है।
जिले में अभी तो गेहूं की कटाई शुरू हुई है और मंडियों में गेहूं पहुंंचने में अभी एक सप्ताह का और समय लगेगा। आंकड़ों के मुताबिक, जिले में गेहूं की पंजीकृत भूमि 84 हजार 856 एकड़ है और प्रति एकड़ से किसानों को 20 क्विंटल गेहूं की पैदावार मिलती है। अब खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, हैफेड और वेयरहाउस जिला में गेहूं खरीद करेंगी। इसके साथ ही खंड में अधिक गेहूं खरीद के लिए अतिरिक्त केंद्र बनाने की डिमांड मार्किट कमेटी की ओर से भेजी गई है।
अगर मंडी में अधिक भीड़ हुई तो अतिरिक्त मंडी को उप खरीद केंद्र बनाया जाएगा और इसमें अनाज मंडी के आढ़ती ही खरीद कर पाएंगे। सभी मंडियों में किसानों के बैठने के लिए पूरी सुविधा है। इसके साथ ही शौचालय व पानी का भी उचित प्रबंध किया गया है।
सरसों की खरीद कई केंद्रों पर चल रही है जबकि गेहूं की आवक अधिक होने के अनुमान से पिछले वर्ष की तरह ही पांच केंद्र रहेंगे। फसल खरीद के बाद किसानों को 48 घंटे में पेमेंट दी जाएगी। प्रतिदिन सुबह आठ से शाम छह बजे तक कटेंगे। गेट पास मार्किट कमेटी की ओर से सभी केंद्रों पर सोमवार से शनिवार तक सुबह आठ बजे से शाम छह बजे गेटपास जारी किए जाएंगे।
रविवार को खरीद कार्य मंडी में बंद रहेगी और किसी प्रकार की हलचल मंडी में नहीं होगी। गेहूं का एमएसपी रेट 2425 रुपये निर्धारित किया गया है। सरसों की खरीद चल रही है और गेहूं की खरीद सरकारी तौर पर मंगलवार से शुरू कर दी गई है।
किसानों के लिए मंडी में मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था है और उन्हें परेशानी नहीं होने दी जाएगी। किसान अपनी फसल अच्छे से सुखाकर लाएं। फसल में नमी पाए जाने पर खरीद नहीं की जाएगी और उन्हें फिर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। - नरेंद्र ढुल, सचिव, मार्केट कमेटी, कैथल।