कैथल। जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण की ओर से रविवार को गांव चंदाना के ग्राम सचिवालय में नागरिकता सशक्तीकरण पर मेगा सर्विस कैंप लगाया। यह मेगा सर्विस कैंप जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेश कत्याल के निर्देश पर सचिव दानिश गुप्ता के नेतृत्व में आयोजित किया।
इस शिविर में पैनल एडवोकेट देवेंद्र राणा ने ग्रामीणों को कानूनी जानकारी दी। कैंप में विभिन्न विभागों ने स्टाल लगाकर योजनाओं की जानकारी लोगों को दी। इसमें मुख्य रूप से समाज कल्याण विभाग, स्वास्थ्य विभाग, पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल संरक्षण, रेडक्रॉस सोसायटी व अन्य विभाग शामिल रहे। पैनल एडवोकेट देवेंद्र राणा ने लोक अदालत की जानकारी देते हुए बताया कि विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम 1787 की धारा-19 के तहत अदालत के समक्ष लंबित मामले और पूर्व लंबित मामलों के निपटारे के लिए लोक अदालत का गठन किया जाता है।
लोक अदालत में वैवाहिक, पारिवारिक विवाद, आपराधिक मामले जो कि मिश्रित हों, भूमि अधिग्रहण मामले, श्रम विवाद, कामगार की क्षतिपूर्ति विवाद बैंक रिकवरी मामले (राष्ट्रीयकृत, बहु-राष्ट्रीय और निजी बैंक), पेंशन मामले, हाउसिंग बोर्ड और स्लम क्लीयरेंस और हाउसिंग फाइनेंस मामले, उपभोक्ता शिकायत मामले, बिजली मामले, टेलीफोन बिल विवाद, हाउस टैक्स और सहित म्यूनिसिपेलिटी के मामले, कामगार की क्षति पूर्ति विवाद व अन्य दीवानी मामले जैसे विभाजन, कब्जे के मामले, किराया संबंधित आदि मामलों का निपटान किया जाता है। लोक अदालत के माध्यम से ऐसे मामले जो अदालत तक पहुंचे ही न हो, उनका भी निपटारा किया जा सकता है। विवादों के सुलह और निपटाने के लिए स्थायी लोक अदालत का भी प्रावधान है।
ग्रामीणों को वृद्धावस्था सम्मान भत्ता, विधवा, निराश्रित पेंशन, दिव्यांग पेंशन, निराश्रित बच्चों को वित्तीय सहायता, लाडली पेंशन, बौना भत्ता, जीरो से 18 स्कूल नहीं जाने वाले मंदबुद्धि बच्चों को वित्तीय सहायता, एसिड अटैक के पीड़ित को वित्तीय सहायता, किन्नर भत्ता, कश्मीरी विस्थापित परिवारों को वित्तीय सहायता, राष्ट्रीय परिवार लाभ योजना के बारे में भी पूर्ण जानकारी प्रदान की। इस मौके पर वीरेंद्र बबली, भीम सिंह, जंगीर, प्रदीप, तारा चंद, डॉ. बलजीत, रणधीर, राम स्वरूप, राजा सिंधु, पृथ्वी प्रजापत, फतेह सिंह आदि ग्रामीण व विभिन्न विभागों के कर्मचारी शामिल रहे।