संवाद न्यूज एजेंसी
सीवन। सीवन नगर पालिका का दर्जा भंग करवाने के लिए कस्बावासियों की पंचायत सीवन के रामा आश्रम धर्मशाला में हुई।बैठक में लोगों ने नगरपालिका भंग करो, पंचायती राज लागू करो के नारे लगाए। लोगों ने एक सुर में कहा कि अगर सरकार ने जल्द ही नगरपालिका का दर्जा समाप्त नहीं किया भूख हड़ताल की जाएगी।
बैठक की अध्यक्षता पूर्व सरपंच प्रतिनिधि एवं समाजसेवी अमरेंद्र सिंह खारा ने की। सभी लोगों ने कहा कि सीवन को गांव ही रहने दिया जाए, नगर पालिका की कोई जरूरत नहीं है। गांव में जनता पर कई प्रकार के टैक्स लगाने के साथ ग्रामीण अपने ही घरों में किरायेदार बनकर रह जाएंगे। समाजसेवी खारा ने कहा कि सीवन को नगरपालिका का दर्जा दिए जाने से लोगों को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पहले सीवन गांव था और गांव के कारण लोगों को मनरेगा का काम मिलता था। अब नगरपालिका का दर्जा मिलने के बाद मनरेगा मजदूरों का काम बंद हो गया है। जो लोग इसके सहारे गुजर बसर करते थे, उन्हें परेशानी हो रही है। सीवन नगर में 4500 के करीब मनरेगा मजदूर हैं, जो मनरेगा के तहत काम करते थे। उन्हें अब रोजी रोटी के लाले पड़े हैं।
उन्होंने कहा कि नगरपालिका आने के बाद लोगों पर अनाप-शनाप टैक्स लगाए गए हैं, जो गरीब जनता देने में असमर्थ हैं। हर काम के लिए जनता को टैक्स देने पड़ रहे हैं। सीवन नगरपालिका का दर्जा भंग नहीं किया गया तो भूख हड़ताल की जाएगी। इस मौके पर बलदेव सिंह बल्ली, यशपाल राणा नंबरदार, पाला राम सौदा, साधा राम, जय नारायण, अमृत लाल, सुरेंद्र नागपाल आदि मौजूद रहे।