कैथल। विभिन्न प्रकार की मेकेनिकल बाजारों के कारण लगने वाले जाम और भीड़भाड़ से शहर के लोगों को जल्द ही छुटकारा मिल जाएगा। हरियाणा अर्बन डेवलेपमेंट अथॉरिटी ने शहर के बीचों-बीच स्थित ट्रैक्टर मार्केट सहित अधिकतर मेकेनिकल वर्कर्स संचालकों को ट्रांसपोर्ट नगर में दुकानें अलॉट करने की मंजूरी दे दी है।
विभाग ने पहले चरण में 411 दुकानों को मंजूरी दी है। शेष 127 दुकानों के लिए भी शीघ्र मंजूरी मिलने की उम्मीद है। इस संबंध में सोमवार को कैथल के हुडा संपदा अधिकारी में आदेश मिल सकते हैं। इसके बाद दुकानदारों को अलॉटमेंट लेटर जारी किए जाएंगे।
कुल 540 दुकानों की हुई थी वीडियोग्राफी
जींद रोड पर बनने वाली नई अनाज मंडी के पास ही करीब 52 एकड़ में ट्रांसपोर्ट नगर विकसित किए जाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी, हालांकि इसे मंजूरी काफी पहले दी जा चुकी थी और इस प्रक्रिया के तहत हुडा ने सर्वे करवाया था। जिसके बाद शहर की करीब 540 दुकानों की वीडियोग्राफी हुई।
अब हुडा ने तय मापदंडों को पूरा करने वाली 413 दुकानें को मंजूरी दी है। इसमें से दो दुकानों के आवेदन को हुडा कमेटी ने रिजेक्ट कर दिया है। गौरतलब है कि दो दिन पहले ही हुडा ने इन दुकानों की अलॉटमेंट को मंजूरी दी है।
बची दुकानों को भी मिल सकती है मंजूरी
विभागीय सूत्रों के अनुसार, सही पाए गए 411 आवेदनों को तुरंत प्रभाव से मंजूरी दी गई है। शेष 127 आवेदनों पर भी विभाग गंभीरता से विचार कर रहा है। जिसमें आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद इनकी दोबारा से वीडियोग्राफी हो सकती है। उम्मीद जताई जा रही है कि बचे दुकानदारों को नए भी ट्रांसपोर्ट नगर में दुकानें अलॉट हो जाएंगी।
दुकानों की कीमत का दस प्रतिशत पहले देना होगा
विभागीय जानकारी के अनुसार, ट्रांसपोर्ट नगर में अलग-अलग साइज में दुकानें बनाने को मंजूरी दी जाएगी। जिनके लिए 25 हजार 950 रुपये प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से विभाग को कीमत अदा करनी होगी। इसमें 4.5 मीटर गुणा 14 मीटर और 2.75 गुणा 8.25 मीटर की दुकानों के साइज को मंजूरी दी गई है। दुकान अलॉट होने के बाद दुकानदार को उसकी कीमत का 10 प्रतिशत जमा करना होगा।
उसके बाद उसे पंद्रह प्रतिशत राशि विभाग को जमा करवानी होगी। करीब 17 महीने का समय दुकान बनाने के लिए दिया जाएगा। बड़ी दुकानों के लिए दस किश्तें और छोटी दुकानों के लिए आठ किश्तों में पूरी कीमत अदा करनी होगी। गौरतलब है कि सारी किश्तें दुकानदार को छह माह के भीतर देनी पड़ेंगी। उधर, ट्रांसपोर्ट नगर में नई दुकान बनने के बाद पुरानी दुकान को बंद करके दुकानदार को शपथ पत्र देना होगा। साथ ही अलॉट हुई इन दुकान को 10 साल तक किसी को बेचा नहीं जा सकेगा।
यहां-यहां भीड़ से मिलेगी राहत
शहर में रेलवे ओवरब्रिज के पुराने बस अड्डे की ओर से शुरुआती प्वाइंट के पास स्थित ट्रैक्टर मार्केट, रेलन रोड पर स्थित ट्रक मार्केट, ढांड एवं अंबाला रोड पर कार एवं जीप मार्केट तथा पिहोवा चौक से लेकर जींद रोड तक विभिन्न जगहों पर चल रही दुकानें ट्रांसपोर्ट नगर में स्थानांतरित हो जाएंगी। जिससे इन मार्गों पर रहने वाली भीड़भाड़ से छुटकारा मिलेगा। वहीं रेलवे ओवरब्रिज बन जाने के बाद इन मार्केट में लगभग खाली बैठे कई दुकानदारों को भी ट्रांसपोर्ट नगर में अपना काम करने में परेशानी नहीं आएगी। उन्हें वहां अच्छा कारोबार होने की उम्मीद है।
विभाग ने ट्रांसपोर्ट नगर में दुकानों को अलॉट करने की मंजूरी दे दी है। यह संख्या कितनी है, सोमवार को ही बता पाऊंगा। सोमवार तक इस संबंध में विभाग के स्पष्ट आदेश मिल जाएंगे।
नरहरि सिंह बांगड़, हुडा प्रशासक।
विभाग की ओर से अभी कोई ठोस सूचना नहीं मिली है। पता चला है कि दुकानों की अलॉटमेंट को मंजूरी मिली है। सोमवार को पता करवाएंगे की कितनी दुकानों को मंजूरी मिली है।
रमेश नागपाल, प्रधान, ट्रांसपोर्ट नगर वेलफेयर एसोसिएशन।