संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। ओएसडीएवी स्कूल पब्लिक स्कूल में सीबीएसई की ओर से कला एकीकरण पर आधारित एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की। इसमें हैप्पी क्लासरूम के साथ हैप्पी टीचर और हैप्पी स्टूडेंट की सीख दी गई।
कार्यशाला में हरियाणा राज्य के कैथल, करनाल, कुरुक्षेत्र, हिसार आदि जिलों के 21 विद्यालयों से आए 60 अध्यापक एवं अध्यापिकाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। सर्वप्रथम प्रधानाचार्या व सीबीएसई की जिला प्रशिक्षण कोऑर्डिनेटर अंजु तलवाड़ ने रिसोर्स पर्सन के रूप में उपस्थित मेहमानों और प्रतिभागियों का औपचारिक स्वागत कर किया।
इसके बाद दीप प्रज्वलित कर कार्यशाला का शुभारंभ किया। सीबीएसई के रिसोर्स पर्सन के रूप में आए डॉ. राजन शर्मा और कल्पना लाथर ने कार्यशाला में उपस्थित सभी शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि आज का युग विज्ञान का युग है।
आज का विद्यार्थी परंपरागत शिक्षण प्रक्रिया में नीरसता अनुभव करता है। जबकि शिक्षण प्रक्रिया के दौरान यदि कला एकीकरण का प्रयोग किया जाए व विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से शिक्षण किया जाए तो इस प्रकार के शिक्षण से न केवल छात्र-शिक्षक के मध्य सकारात्मक समन्वय बनेगा अपितु शिक्षण रुचिकर होने के साथ-साथ विद्यार्थियों की शिक्षा अनुभवजन्यज्ञान पर आधारित भी होगी।
सभी शिक्षकों को सलाह दी कि हैप्पी क्लासरूम, हैप्पी टीचर और हैप्पी स्टूडेंट को ध्यान में रखते हुए कक्षा में गतिविधियां करवाई जाए। कला एकीकरण में कला और अन्य विषयों को एक साथ पढ़ाने के तरीके और इसके फायदे बताए गए तथा बताया गया कि इस प्रकार छात्रों में रचनात्मक और आलोचनात्मक सोच विकसित करने में मदद होगी और छात्र समूह में काम करेंगे और विचारों का आदान-प्रदान करने का कौशल प्राप्त होगा।
अंत में प्रधानाचार्या अंजु तलवाड़ ने भविष्य में भी सीबीएसई की ओर से शिक्षा क्षेत्र में इस तरह के कार्यक्रम आयोजित करने तथा अपने बहुमूल्य विचारों से शिक्षकों को प्रोत्साहित करने के लिए उपस्थित रिसोर्सपर्सन का धन्यवाद किया।