गांव दाबा में पत्रकारों से बातचीत करते जजपा के प्रदेश प्रधान महासचिव प्रो. रणधीर सिंह।
गुहला-चीका। जननायक जनता पार्टी के प्रदेश प्रधान महासचिव प्रो. रणधीर सिंह ने कहा कि घग्गर पार के गांव हर वर्ष मानसून के दौरान बाढ़ की समस्या से जूझते हैं। इससे किसानों, विद्यार्थियों और आम लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने सरकार से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए स्थायी समाधान करने और बारिश का मौसम शुरू होने से पहले हांसी-बुटाना नहर और घग्गर साइफन से जुड़ी समस्याओं का समाधान कराने की मांग की।
शनिवार को प्रो. रणधीर सिंह ने टटियाना, सदरहेड़ी, खुशाल माजरा, दाबा, चाबा और सरोला सहित घग्गर पार के कई गांवों का दौरा कर ग्रामीणों से मुलाकात की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 की बाढ़ के दौरान कई सरकारी विद्यालय करीब दो महीने तक बंद रहे जिससे विशेष रूप से 10वीं और 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हुई। उनका कहना था कि आज भी कई स्कूल भवनों में सीलन और नमी की समस्या बनी हुई है।
उन्होंने कहा कि बाढ़ के दौरान स्वास्थ्य सेवाएं भी प्रभावित होती हैं। कई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जलभराव की चपेट में आ जाते हैं और बाद में मलेरिया, डेंगू व अन्य संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ जाता है। खराब रास्तों के कारण मरीजों तक समय पर एंबुलेंस पहुंचने में भी दिक्कत आती है। प्रो. रणधीर सिंह ने कहा कि हर वर्ष बाढ़ से किसानों की धान समेत अन्य फसलें खराब हो जाती हैं जिससे उन्हें करोड़ों रुपये का नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने सरकार से तटबंधों को मजबूत करने, जल निकासी की बेहतर व्यवस्था करने और बाढ़ संभावित गांवों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की सुरक्षा के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार करने की मांग की। इस मौके पर सतपाल सिंह, बलदेव सिंह, चरणजीत सिंह, जसविंद्र सिंह सहित ग्रामीण और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
गांव दाबा में पत्रकारों से बातचीत करते जजपा के प्रदेश प्रधान महासचिव प्रो. रणधीर सिंह।