संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। गोगा नवमी का पर्व मंगलवार को बड़ी ही श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया। प्रात: उठते ही लोगों ने गोगा पीर की पूजा अर्चना कर मीठी सेवियों का भोग लगवाने के बाद अन्न-जल ग्रहण किया। दोपहर को राजकीय स्कूल चीका स्थित गोगा माड़ी के मैदान में मेले का आयोजन किया गया।
श्रद्धालुओं ने गोगा पीर की मजार पर पूजा-अर्चना की। अनेक श्रद्धालु छड़ी लेकर गोगा माड़ी स्थल पर पहुंचे, वहां डेरु बजा बजाकर गोगा पीर के भजनों पर खूब थिरके। गोगा माड़ी स्थल खानपान व चाट पकौड़ी की रेहड़ियों से सटा हुआ था। वहीं, खेल खिलौने बेचने वालों का भी तांता लगा हुआ था।
महिलाओं व बच्चों ने चाट पकौड़ी का लुत्फ उठाया वहीं बच्चों के लिए खिलौने आदि की खरीदारी की। इस अवसर पर लगभग सभी जाति व धर्म के लोगों ने मंदिर स्थल पर स्थापित मजार पर शीश नवाया। गोगा मेडी प्रबंधक समिति के प्रधान पूर्व सरपंच केहर सिंह सीड़ा ने बताया कि गोगा पीर का सबसे बड़ा पूजा स्थल राजस्थान के हनुमानगढ़ की तहसील भादरा में स्थित है।
वहां प्रति वर्ष सावन मास की पूर्णिमा से लेकर भादो मास की पूर्णिमा तक एक बड़ा भारी मेला लगता है जिसमें पूरे देश से श्रद्धालु शामिल होकर गोगा पीर की पूजा अर्चना करते हैं। उन्होंने कहा कि गोगा की मजार पर हवन यज्ञ का कार्यक्रम। समाजसेवियों ने जलेबी व पकोड़ो का भंडारे का भी आयोजन किया।
शहर के अधिकांश मंदिरों में जहां सोमवार को जन्माष्टमी पर्व मनाया। वहीं, श्रद्धालुओं ने गोगा नवमी पर्व मंगलवार को मनाया। इस अवसर पर उपप्रधान बाबा मेहर सिंह, नैब सीड़ा, बलकार सिंह बल्लू, पिरथी सीड़ा गुरनेक सीड़ा, जगतार सिंह, सहित आदि सदस्य मौजूद रहे।