संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल/करनाल/असंध। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रामावतार पारीक की अदालत ने असंध में 3 मई, 2023 की रात को हुई डकैती के पांच दोषियों को 10-10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है। पांचों पर 52 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। दोषियों में जींद के छातर गांव निवासी संदीप, कैथल जिले के मंडवाल गांव निवासी एवं हाल में असंध निवासी सुच्चा सिंह, जींद के कहसुन गांव निवासी वजीर सिंह, जींद के नंगूरा गांव निवासी दीपक उर्फ गोनी और जींद के मोहनगढ़ गांव निवासी दीपक उर्फ बांडा शामिल हैं।
असंध के पाॅश इलाके दरबारा काॅलोनी में 3 मई, 2023 की रात को सराफ दीपक और उनके परिवार को घर में बंधक बनाकर चार नकाबपोश बदमाशों ने लूटपाट की थी। उनके पास बंदूक और तलवार सहित अन्य हथियार थे। बदमाश करीब 60 तोले सोना और 5.80 लाख रुपये नकदी ले गए थे। आरोपियों ने मैगनेट के ताला को तोड़कर घर के अंदर प्रवेश किया था। इसके बाद सोते हुए दीपक, उनकी पत्नी और तीन बच्चों को उठाया। सभी को बंधक बना लिया था।
दूसरे कमरे में सो रही दीपक की माता के हाथ-पैर बांध दिए थे। इस दौरान दीपक आरोपियों से भिड़ गए थे। बदमाशों ने गोली चलाई तो मिस फायर हो गया। इसके बाद तलवार से दीपक के सिर पर हमला कर घायल कर दिया गया था। वारदात को 50 मिनट में अंजाम दिया था।
असंध थाना पुलिस ने हथियारों के बल पर डकैती करने सहित अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच में पता चला कि दीपक के दोस्त सुच्चा सिंह ने मामले में रेकी करवाई थी।
अब अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रामावतार पारीक की अदालत ने पांचों को दोषी मानते हुए डकैती में 10 साल का कठोर कारावास और 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। इसके अलावा आपराधिक साजिश में 10 साल, आपराधिक धमकी की धारा में चार साल और शस्त्र अधिनियम में दोषी वजीर सिंह को हथियार रखने और उनके
इस्तेमाल के लिए अतिरिक्त तीन साल की सजा और दो हजार रुपये की अर्थदंड की सजा सुनाई है।