सजा सुनने के बाद अदालत में पांचों दोषी। विज्ञप्ति
कैथल। वर्ष 2017 में गांव पाडला में पीटकर युवक की हत्या करने और दूसरे युवक पर जानलेवा हमला करने के मामले में कैथल जिला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एडीजे) डॉ. नंदिता कौशिक की अदालत ने पांच दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने गांव पाडला निवासी देवेंद्र उर्फ बिंद्र, संजीव, मनीराम उर्फ मुन्नी, श्रीभगवान और सुभाष को दोषी ठहराते हुए प्रत्येक पर 2 लाख 42 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना अदा न करने पर सभी दोषियों को एक-एक वर्ष की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। मामले के अनुसार मोहित निवासी मालखेड़ी के बयान पर थाना सदर में प्राथमिकी दर्ज की थी। शिकायत के अनुसार मोहित अपने दोस्त प्रदीप निवासी दिल्लोवाली के साथ तीन मार्च 2017 को सांघन निवासी उनके दोस्त राजू के बड़े भाई की शादी में शामिल होने गए थे। रात करीब 11 बजे दोनों एक अन्य दोस्त को पाडला छोड़ने के बाद गांव की बीच वाली गली से जा रहे थे। इस दौरान प्रदीप ने एक मकान से आवाज लगाकर एक लड़की को गली में बुलाया और उससे बातचीत करने लगा। लड़की ने दोनों को वहां से जाने के लिए कहा, क्योंकि उसका चाचा आ रहा था। आरोप है कि तभी वहां पहुंचे एक व्यक्ति ने परिवार के अन्य लोगों को हथियारों सहित बुला लिया। आरोपियों ने दोनों की बाइक गिराकर उन्हें जबरन घर के अंदर ले गए और एक बाड़े में उनके हाथ बांधकर मारपीट की। मारपीट के दौरान प्रदीप की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि मोहित गंभीर रूप से घायल हो गया। सुबह उसके परिजनों ने उसे अस्पताल में दाखिल करवाया।
पुलिस ने मामले की जांच के दौरान तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया और ठोस साक्ष्य जुटाकर अदालत में चालान पेश किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से 25 गवाह पेश किए। अदालत ने सभी साक्ष्यों और गवाहों के बयानों का परीक्षण करने के बाद 95 पृष्ठ के विस्तृत निर्णय में पांचों आरोपियों को दोषी ठहराया और उम्रकैद की सजा सुनाई।